भिंड. जिले में एक सनसनीखेज ब्लाइंड मर्डर केस का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. करीब एक महीने पहले सुरपुरा थाना क्षेत्र के सोई गांव में बोरे में मिली 20 वर्षीय नवविवाहिता की लाश ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी थी. शुरुआती जांच में पुलिस के पास कोई ठोस सुराग नहीं था, लेकिन बोरे से मिले पत्ते और घास जैसे मामूली साक्ष्य ने इस जघन्य अपराध की गुत्थी सुलझाने में अहम भूमिका निभाई. पुलिस ने इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पुलिस के अनुसार पूरे एक महीने तक सघन तलाश, पूछताछ और केस को सुलझाने की कोशिश के बाद इस मामले में सारी तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की गई.
इस मामले की शुरुआत 16 फरवरी से हुई, जब युवती के पिता ने अटेर थाना क्षेत्र में अपनी बेटी के लापता होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी. पुलिस ने गुमशुदगी का मामला दर्ज कर युवती की तलाश शुरू कर दी थी. इसी बीच 22 फरवरी को सुरपुरा थाना क्षेत्र के अंतर्गत सोई गांव के पास खेत में एक संदिग्ध बोरा मिला. जब पुलिस ने बोरे को खोलकर देखा तो अंदर से युवती का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ. पहचान होने के बाद पुष्टि हुई कि यह शव उसी लापता युवती का है.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट से मामला हुआ और भी ज्यादा गंभीर
पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने इस मामले को और भी भयावह बना दिया. रिपोर्ट में युवती के साथ सामूहिक दुष्कर्म किए जाने और गला घोंटकर हत्या करने की पुष्टि हुई. इसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच का दायरा बढ़ाया. भिंड के पुलिस अधीक्षक असित यादव के निर्देश पर एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें अटेर एसडीओपी रविंद्र वास्केले और अन्य अधिकारियों को शामिल किया गया.
ब्लाइंड मर्डर केस का टर्निंग पॉइंट
जांच के दौरान पुलिस को बोरे के अंदर से घास और पेड़ों के पत्ते मिले. यही मामूली लगने वाला सुराग इस ब्लाइंड मर्डर केस का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ. पुलिस ने इन पत्तों और घास के आधार पर संभावित घटनास्थल की पहचान की. जब टीम वहां पहुंची तो मौके से अन्य साक्ष्य भी मिले, जिससे जांच की दिशा स्पष्ट होती चली गई.
पहला आरोपी पकड़ाया तो उसने खोल दिए राज
तकनीकी साक्ष्य, मोबाइल लोकेशन और खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस ने संदिग्धों की पहचान की. पूछताछ के दौरान मुख्य आरोपी सूरज पुलिस के रडार पर आया. कड़ी पूछताछ में उसने अपने चार साथियों संजीव, दिनेश, हरिओम और अनिल (उर्फ कल्लू) के साथ मिलकर इस अपराध को अंजाम देने की बात कबूल कर ली.
युवती अकेले जा रही थी, तो पार्टी कर रहे युवकों ने उसे पकड़ लिया
आरोपियों ने पुलिस को बताया कि घटना वाले दिन वे खेत में पार्टी कर रहे थे और सभी नशे की हालत में थे. इसी दौरान उन्होंने युवती को अकेले जाते हुए देखा. आरोपियों ने उसे पकड़ लिया और जबरन खेत में ले गए. वहां पांचों ने बारी-बारी से उसके साथ दुष्कर्म किया. बाद में पहचान उजागर होने के डर से उन्होंने युवती का गला घोंटकर उसकी हत्या कर दी. हत्या के बाद आरोपियों ने शव को ठिकाने लगाने की साजिश रची. अगले दिन उन्होंने शव को एक बोरे में भरा और उसे दूर खेत में फेंक दिया, ताकि पुलिस को कोई सुराग न मिल सके. लेकिन बोरे में मौजूद घास और पत्ते ही उनके खिलाफ सबसे बड़ा सबूत बन गए.
मृत युवती की पायल भी आरोपियों से बरामद
पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर युवती की पायल भी बरामद की है, जो घटना के दौरान उनके पास रह गई थी. फिलहाल सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया है. पुलिस ने उन्हें न्यायिक हिरासत में भेज दिया है और मामले की आगे की जांच जारी है. एसपी असित यादव के अनुसार, “मामले में हर पहलू की गहराई से जांच की गई है. तकनीकी साक्ष्य और घटनास्थल से मिले क्लू के आधार पर आरोपियों तक पहुंचा गया. सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी.”