गोठड़ा माताजी की भविष्यवाणी: तीन बार बोवनी के योग, फसलों के दाम अच्छे मिलेंगे; राजनीति क्षेत्र में होगी उठापटक – Ratlam News

गोठड़ा माताजी की भविष्यवाणी:  तीन बार बोवनी के योग, फसलों के दाम अच्छे मिलेंगे; राजनीति क्षेत्र में होगी उठापटक – Ratlam News




रतलाम जिले के जावरा तहसील के गोठड़ा गांव के समीप मलेनी नदी किनारे स्थित प्राचीन महिषासुर मर्दिनी गोठड़ा माताजी मंदिर में शुक्रवार को चैत्र नवरात्रि की नवमी पर वार्षिक भविष्यवाणी हुई। हवन-पूजन के बाद पंडा नागूलाल चौधरी ने हजारों की संख्या में मौजूद लोगों के बीच भविष्यवाणी की। आने वाले वर्ष के मौसम, खेती, व्यापार और सामाजिक परिस्थितियों को लेकर बताया। भविष्यवाणी के पहले मंदिर पर पूजा पाठ हुई। ढोल-ढमाकों के साथ पंडा नागुलाल चौधरी को मलेनी नदीं पर लाया गया। यहां एक चबूतरे पर खड़े होकर उन्होंने भविष्यवाणी की। पंडा नागूलाल चौधरी ने गेहूं, सोयाबीन और लहसुन के भाव अच्छे रहने के संकेत दिए। प्याज के भावों में उतार-चढ़ाव होने की बात कही। सोयाबीन में इल्ली की शिकायत रहेगी। काली और सफेद फसलों (वस्तुओं) के भाव अधिक रहने की संभावना है। गेहूं, चना समेत सभी फसलें अच्छी होगी। कुछ स्थानों पर गेहूं में खराबी आ सकती है। साथ ही राजनीतिक क्षेत्र में भी उठापटक और हलचल का दौर बने रहने की बात कही। भविष्यवाणी के अनुसार इस साल तीन बार बोवनी के योग बताते हुए कहा कि खेतों में बोवनी को को लेकर उलझन की स्थिति रहेगी। बीज दोगुना रखना पड़ेगा। पहली बोवनी आषाढ़ माह की एकम से दशमी तक, दूसरी बोवनी आधे आषाढ़ की एकम से पंचमी तक और तीसरी बोवनी आषाढ़ अंत से सावन प्रारंभ तक करना बताया। हाथों से बोवनी की सलाह दी। बहते और आते आषाढ़ में बोवनी अच्छी रहने की संभावना जताई है। बढ़ेगी बीमारियां
भविष्यवाणी में सितंबर-अक्टूबर के दौरान बीमारियों के बढ़ने की आशंका जताई है। साथ ही उन्होंने हवन-पूजन के माध्यम से राहत मिलने की बात कही है। वैशाख से आषाढ़ तक ऐसी बीमारी फैल सकती है कि लोगों को घरों में ही रहना पड़े। गाय-भैंस में बीमारियों सामने आने के संकेत भी जताए है। साथ ही भूकंप, तेज आंधी-तूफान जैसी प्राकृतिक आपदाओं की भी संभावना जताई है। पंडा चौधरी ने इस वर्ष आगजनी और तेज हवाओं का प्रकोप अधिक रहने पर संभावना जताई है। उन्होंने वैशाख माह में भी वर्षा होने के संकेत दिए है। ज्येष्ठ माह के प्रारंभ में कम और अंत में अधिक वर्षा होगी। सावन में कहीं अधिक तो कहीं बहुत कम बारिश होने की बात कही। आधे सावन में सामान्य वर्षा व भादवा माह में आधा समय सूखा और आधे समय बारिश होने की बात कही। बारिश से नुकसान की भी संभावना जताई है। इसलिए खास मानी जाती है भविष्यवाणी
भविष्यवाणी खासकर साल भर की खेती किसानी के लिए होती है। इस दौरान साल भर की घटनाओं को लेकर भी पंडा चौधरी द्वारा संभावनाए जताई जाती है। मालवा अंचल में काफी सालों से यह भविष्यवाणी हो रही है। इस भविष्यवाणी को सुनने रतलाम के अलावा प्रदेश के अन्य जिलो से बड़ी संख्या में किसान आते है। मान्यता है कि माताजी की कृपा से पंडा के मुख से निकली भविष्यवाणी किसानों के लिए लाभदायक रहती है। भविष्यवाणी से किसान खेती व फसलों को लेकर आगे की रणनीति तैयार करता है। यह भी संकेत दिए



Source link