उज्जैन. हिंदू धर्म में प्रदोष व्रत को बेहद पवित्र और प्रभावशाली माना जाता है, जो खासतौर पर भगवान शिव और माता पार्वती की कृपा पाने के लिए किया जाता है. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन सच्चे मन और विधिपूर्वक पूजा करने से जीवन में सुख-समृद्धि, सफलता और सकारात्मक ऊर्जा का आगमन होता है. प्रदोष व्रत हर महीने दो बार आता है, जिससे भक्तों को नियमित रूप से शिव भक्ति का अवसर मिलता है. इस दिन शिव परिवार की आराधना विशेष फलदायी मानी जाती है. श्रद्धालु दिनभर व्रत रखकर शाम के समय पूजा करते हैं और नियमों के अनुसार व्रत का पारण करते हैं. मान्यता है कि इस व्रत को करने वाली विवाहित महिलाओं के जीवन में सुख, शांति और सौभाग्य बढ़ता है. वहीं जो अविवाहित लोग सच्चे मन से यह व्रत रखते हैं, उनके विवाह के योग जल्दी बनने लगते हैं. उज्जैन के ज्योतिषाचार्य आनंद भारद्वाज के अनुसार, प्रदोष व्रत पर किए गए विशेष उपाय शादी में आ रही बाधाओं को दूर कर सकते हैं. अगर विवाह में देरी हो रही है, तो इस दिन श्रद्धा से उपाय जरूर अपनाना चाहिए.
वैदिक पंचांग के अनुसार, चैत्र माह के शुक्ल पक्ष की त्रयोदशी तिथि 30 मार्च को सुबह 7 बजकर 9 मिनट पर शुरू होगी. वहीं इस तिथि का समापन 31 मार्च को सुबह 6 बजकर 55 मिनट पर हो जाएगा. ऐसे में प्रदोष व्रत 30 मार्च दिन सोमवार को रहेगा. सोमवार को पड़ने वाला प्रदोष व्रत सोम प्रदोष व्रत कहलाता है. 30 मार्च को प्रदोष व्रत की पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 6 बजकर 38 मिनट पर शुरू होगा. यह मुहूर्त रात 8 बजकर 57 मिनट तक रहेगा.
विवाह में बाधा के लिए उपाय
1. विवाह में देरी के पीछे कई कारण हो सकते हैं लेकिन यदि इसकी वजह ग्रहों की नकारात्मक स्थिति है, तो प्रदोष व्रत का यह उपाय लाभकारी माना जाता है. इस दिन स्नान के बाद गंगाजल में काले तिल मिलाकर भगवान शिव का अभिषेक करें. मान्यता है कि इससे कुंडली के अशुभ प्रभाव कम होते हैं और विवाह के योग जल्द बनने लगते हैं, जिससे रिश्तों में सकारात्मकता आती है.
2. यदि कुंडली में शुक्र ग्रह की कमजोरी के कारण विवाह में रुकावटें आ रही हैं, तो प्रदोष व्रत का दिन आपके लिए विशेष फलदायी हो सकता है. इस दिन स्नान और दान के बाद जल में शहद और सुगंध मिलाकर भगवान शिव का अभिषेक करें. मान्यता है कि इस उपाय से शुक्र मजबूत होता है और विवाह संबंधी बाधाएं धीरे-धीरे दूर होने लगती हैं.
3. यदि आप अपने मनपसंद जीवनसाथी की इच्छा रखते हैं, तो प्रदोष व्रत का यह उपाय आपके लिए शुभ हो सकता है. इस दिन भगवान शिव का कच्चे दूध से अभिषेक करें और सच्चे मन से प्रार्थना करें. मान्यता है कि इससे कुंडली में चंद्रमा मजबूत होता है, जिससे विवाह के योग बनते हैं और मनचाहा जीवनसाथी मिलने की संभावना बढ़ती है.
4. यदि किसी कारणवश विवाह में बार-बार रुकावटें आ रही हों, तो प्रदोष व्रत का यह उपाय लाभकारी माना जाता है. इस दिन स्नान के बाद लाल वस्त्र पहनकर भगवान शिव और माता पार्वती की श्रद्धापूर्वक पूजा करें. पूजा के दौरान माता को सिंदूर अर्पित करें और उसी सिंदूर को माथे पर लगाकर शीघ्र विवाह की प्रार्थना करें, इससे बाधाएं दूर होने की मान्यता है.