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MP Monsoon Update Today: मध्य प्रदेश में मानसून ने दस्तक दे दी है. इससे तापमान में गिरावट आने से कई लोगों को गर्मी से राहत मिली है. वहीं उज्जैन में अब तक कितनी बारिश हो चुकी है और आने वाले दिनों में कैसा मौसम रहेगा, आइए जानते हैं.
मध्य प्रदेश में दक्षिण-पश्चिम मानसून की दस्तक के बाद शुक्रवार को भी कई जिलों में बारिश का दौर देखा गया. उज्जैन संभाग के जिलों में दिन और रात के तापमान में काफी गिरावट देखी गई. भीषण गर्मी से लोगों ने राहत की सांस ली है.

धार्मिक नगरी उज्जैन में सुबह से धूप-छांव का दौर जारी रहा. यहां मानसून पहुंच चुका है. मौसम विभाग का कहना है कि मानसून प्रदेश के अन्य जिलों में भी सक्रिय हो गया है. पिछले 24 घंटे में प्रदेश के कई जिलों में बारिश का दौर देखा गया.

मौसम विज्ञानी राजेंद्र प्रसाद गुप्त के अनुसार, 21 जून को दमोह-पन्ना में अति भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट है. वहीं राजगढ़, विदिशा, अशोकनगर, टीकमगढ़ और छतरपुर में भी भारी बारिश हो सकती है. भोपाल, इंदौर और उज्जैन का मौसम सामान्य रहेगा. यहां हल्की बूंदाबांदी और सामान्य हवा देखने को मिलेगी.

धार्मिक नगरी उज्जैन में मोक्षदायिनी मां शिप्रा का वास है. शिप्रा नदी के किनारे कई ऐसे मंदिर हैं, जो तेज बरसात से जलमग्न हो जाते हैं. यह नजारा इतना सुंदर लगता है कि इसे देखने उज्जैनवासियों के साथ-साथ दूर-दूर से लोग आते हैं.

अभी तक प्रदेश में कई जगह बरसात होने से चिलचिलाती गर्मी से लोगों को राहत मिली है. मौसम विज्ञानी राजेंद्र प्रसाद गुप्त के अनुसार, उज्जैन संभाग में 31.4 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुईं है. आने वाले कुछ दिनों में लगातार बारिश से तापमान में और गिरावट होगी.

शहर के 54 वार्डों में नगर निगम द्वारा 118 बड़े नालों और नालियों को चिह्नित किया गया है. बारिश के दौरान सभी नालों और नालियों में कचरा होने के चलते आसपास के क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बनती है.

नगर निगम द्वारा बताया गया कि जोन 6 के अंतर्गत आने वाले वार्डों में प्रमुख नाले-नालियों की सफाई का कार्य किया गया है लेकिन इसके बावजूद शहर के प्रमुख बड़े नाले अभी भी गंदे और भरे पड़े हैं.

जूना सोमवारिया, छोटे पुल के नीचे, लोहे का पुल, नीलगंगा, महाकाल लोक जाने वाले रास्ते में आने वाले नालों सहित शहर के कई बड़े नाले अभी भी गंदे और भरे पड़े हैं. सिर्फ इनकी बाहरी सफाई की गई है.