अब हर साल होगा रोजगार सहायकों का मूल्यांकन: 60 से कम अंक मिले तो समाप्त होगी सेवा, ग्राम रोजगार सहायक मार्गदर्शिका हुई लागू – Bhopal News

अब हर साल होगा रोजगार सहायकों का मूल्यांकन:  60 से कम अंक मिले तो समाप्त होगी सेवा, ग्राम रोजगार सहायक मार्गदर्शिका हुई लागू – Bhopal News


अब ग्रामीण रोजगार सहायक का वार्षिक मूल्यांकन हर वर्ष एक अप्रैल से 15 मार्च के बीच किया जाएगा। जिसमें 60 अंकों से कम मिलने पर सेवा समाप्त की जाएगी। ग्राम रोजगार सहायकों के अवकाश की व्यवस्था को भी मजबूत करते हुए 13 आकस्मिक, 3 ऐच्छिक और 15 विशेष अवकाश क

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यह प्रावधान ग्राम रोजगार सहायक मार्गदर्शिका-2025 में किए गए हैं। इसमें ग्राम रोजगार सहायकों के कर्तव्यों को भी स्पष्ट रूप से परिभाषित किया है। जिसमें जॉब कार्ड निर्माण, मजदूरी भुगतान, कार्यों की जियो टैगिंग और शासन की योजनाओं के समन्वय तक की जिम्मेदारी शामिल हैं।

ग्राम रोजगार सहायक मार्गदर्शिका-2025 को औपचारिक रूप से लागू करने की घोषणा मंगलवार को की गई है। पंचायत, ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल इस आयोजन संबंधी बैठक की अध्यक्षता करते हुए इस नई मार्गदर्शिका को स्थानीय रोजगार व्यवस्था में स्थायित्व, जवाबदेही और दक्षता का आधुनिक रूपांतरण बताया।

उन्होंने स्पष्ट किया कि मार्गदर्शिका 2025 का तत्काल प्रभाव से क्रियान्वयन किया जाएगा जिसके तहत सभी नियुक्तियां, मूल्यांकन, नवीनीकरण एवं अनुशासन की प्रक्रिया संचालित की जाएगी।

चयन प्रक्रिया में पारदर्शिता लाते हुए अब सभी नियुक्तियां लिखित परीक्षा के माध्यम से की जाएंगी, जिससे योग्य और स्थानीय युवा ग्रामीण विकास से सीधे जुड़ सकेंगे।

संविदा कर्मी नहीं ग्रामीण नव निर्माण के स्तंभ मंत्री पटेल ने कहा कि ग्राम रोजगार सहायक केवल संविदा कर्मी नहीं, बल्कि ग्रामीण नव निर्माण के मूल स्तंभ हैं। यह मार्गदर्शिका उन्हें न केवल दिशा देगी बल्कि गरिमा, संरक्षण और प्रेरणा भी प्रदान करेगी। हमारा लक्ष्य है- ‘हर गांव सक्षम, हर पंचायत सजग’।

नई मार्गदर्शिका में मानव संसाधन प्रबंधन प्रणाली की शुरुआत की जा रही है जिसके माध्यम से GRS का मूल्यांकन, नवीनीकरण और समस्त डेटा डिजिटल रूप से प्रबंधित किया जाएगा।

यह नियम होंगे लागू मार्गदर्शिका के अंतर्गत अब ग्रामीण रोजगार सहायक का वार्षिक मूल्यांकन प्रत्येक वर्ष एक अप्रैल से 15 मार्च के बीच किया जाएगा, जिसमें 60 अंकों से कम मिलने पर सेवा समाप्ति संभव होगी।

अवकाश व्यवस्था को भी सुदृढ़ करते हुए 13 आकस्मिक, 3 ऐच्छिक और 15 विशेष अवकाश का प्रावधान किया गया है। पहली बार स्थानांतरण नीति लागू की गई है, जिसके तहत तीन वर्षों की सेवा के बाद स्थानांतरण अनुमति होगी।

ग्राम रोजगार सहायकों के कर्तव्यों को भी स्पष्ट रूप से परिभाषित किया गया है, जिसमें जॉब कार्ड निर्माण, मजदूरी भुगतान, कार्यों की जियो टैगिंग और शासन की योजनाओं के समन्वय तक की जिम्मेदारी शामिल है।

मंत्री पटेल के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था में प्रबंधन सुधार के साथ समावेशी विकास का स्पष्ट रोडमैप तैयार किया जा रहा है। ग्राम रोजगार सहायक मार्गदर्शिका-2025 इस दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है, जिससे प्रदेश की पंचायतें अधिक सशक्त, जवाबदेह और आत्मनिर्भर बनेंगी।



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