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MP News: किसी भी शहर की राजधानी का नाम सुनते ही हमारे मन में यही ख्याल आता है कि बाकि जगहों से यहां के हालात बेहतर होंगे. लेकिन एक बारिश सरकार की सारी पोल खोलने के लिए काफी है.
राजधानी भोपाल के मिसरोद रेलवे अंडर ब्रिज के हालात देखकर आप भी चौंक जाएंगे और एक बार सोचने पर मजबूर हो जाएंगे कि क्या सरकार आम जनता को खतरों के खिलाडी़ समझती है? देखिए कैसे मिसरोद को सलैया और कोलार से जोड़ने वाले रास्ते पर घुटने भर पानी में रोज सफर को मजबूर हैं लोग.
राजधानी भोपाल के नर्मदापुरम रोड़ पर मिसरोद इलाके में रेलवे का अंडर ब्रिज है, जो इलाके को सलैया, कोलार रोड और बावड़िया कलां से जोड़ता है. इस रेलवे अंडर ब्रिज के नीचे की सड़क स्थानीय लोगों के मुताबिक पिछले 3 सालों से उखड़ी पड़ी है और बारिश आते ही पूरा अंडर ब्रिज पानी से घुटने तक भर जाता है. जिसके चलते लंबा जाम लगता है.
भगवान भरोसे पानी से भरे अंडर ब्रिज से सफर करते हैं लोग
मिसरोद रेलवे अंडर ब्रिज में बारिश के बाद हालत इतने बदतर हो जाते हैं कि, लोग बिना गड्ढों की परवाह किए भगवान भरोसे अपनी जान जोखिम में डालकर ब्रिज क्रॉस करते हैं. जहां न कोई सुरक्षा है और न ही पानी निकासी की उचित व्यवस्था है.
मंत्री की फसी थी गाड़ी, तभी आखिरी बार बनी थी रोड
राजधानी के मिसरोद रेलवे अंडर ब्रिज से रोज हजारों लोगों का आना-जाना होता है लेकिन खराब सड़क के साथ ही हल्की बारिश में ही पूरा ब्रिज जलमग्न हो जाता है. Local18 से बात करते हुए अरमान कहते हैं कि इस अंडर ब्रिज का हर बारिश यही हाल होता है. यहां कई गहरे गड्ढे भी हैं जो पानी भरने के कारण नही दिखते हैं और लोग घायल हो जाते हैं. हमारे पूछने पर कि आखिरी बार यह सड़क कब बनी थी. वो बताते हैं कि, एक बार वर्तमान मंत्री कृष्णा गौर की गाड़ी फस गई थी तभी इस सड़क को आखिरी बार सुधारा गया था.