बड़वानी के सतपुड़ा पहाड़ी पर स्थित नगरी माता मंदिर में नवरात्रि पर्व की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। 22 सितंबर से शुरू हो रहे 9 दिवसीय पर्व के लिए मंदिर को रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया है।
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नगरी माता मंदिर में बड़ी इंजु माता और छोटी नगुमाता अलग-अलग मंदिरों में विराजमान हैं। यह क्षेत्र का सबसे प्राचीन मंदिर है। सतपुड़ा की सबसे ऊंची पहाड़ी पर स्थित होने के कारण यह आकर्षण का केंद्र भी है।
नवरात्रि के दौरान नगर और आस-पास के ग्रामीण क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु माता के दर्शन के लिए आते हैं। नगरी माता उत्सव समिति के 125 से 150 कार्यकर्ता पिछले एक सप्ताह से तैयारियों में जुटे हैं।
समिति ने मंदिरों की साफ-सफाई और रंगाई का काम पूरा कर लिया है। मंदिर तक पहुंचने के मार्ग को दुरुस्त किया गया है। पर्याप्त बिजली व्यवस्था की गई है। पहाड़ी पर स्थित विशाल मैदान में वाहनों की पार्किंग की व्यवस्था की गई है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अलग-अलग समितियां बनाकर कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
मंदिर परिसर की साज सज्जा करते सेवादार।
यह होंगे धार्मिक आयोजन
नवरात्र पर्व पर यहां प्रतिदिन सुबह 4 बजे से पंडितो द्वारा वैदिक मंत्रोच्चार के साथ एक जोड़े द्वारा नौ दिन की अलग-अलग माताओं का आव्हान कर माताजी का पूजन अर्चन व अभिषेक कर आकर्षक श्रृंगार किया जाएगा और नवचंडी का पाठ कर सुबह 6:30 बजे प्रातः कालीन आरती की जाएगी
वहीं शाम को नित्य प्रतिदिन 7 बजे संध्याकालीन संगीतमय महाआरती कर साबूदाने की खिचड़ी की प्रसादी का वितरण किया जाएगा। रात्रि 8 बजे से माता बहनों और युवतियों के लिए गरबा रास का आयोजन किया जाएगा जो देर रात्रि 10 बजे तक चलेगा।

मंदिर की आकर्षक सजावट की गई।
आकर्षक विद्युत सज्जा
पहाड़ी पर स्थित सभी मंदिरों और पूरे परिसर में रंग बिरंगी आकर्षक व मनमोहक विद्युत सज्जा की गई। प्रवेश द्वार से लेकर मन्दिर तक के मार्ग को रंग बिरंगी विद्युत लड़ियों से सजाया गया। आकर्षक विद्युत सज्जा का नजारा नगर में दूर-दूर से दिखाई दे रहा है।
साथ ही मंदिरों को फूलों तथा भगवा ध्वजों से सजाया गया है तथा पहाड़ी पर स्थित मंदिर पहुच मार्ग व पूरे परिसर में जगह-जगह पर्याप्त बिजली की व्यवस्था की गई है।

सुबह से चलाया मंदिर में सफाई अभियान।
दूज के दिन माताजी का मनाया जाएगा जन्मोत्सव
नगरी माता समिति सदस्यों ने बताया कि नवरात्रि के दूसरे दिन 23 सितम्बर, मंगलवार को माताजी का जन्म उत्सव धूम धाम व भक्तिभाव के साथ मनाया जाएगा। दूज के दिन शाम 6 बजे ढोल के साथ मंदिर परिसर में चुनरी यात्रा निकाल कर माताजी को चुनरी अर्पित की जाएगी और भव्य आतिशबाजी कर महाआरती के बाद प्रसादी का वितरण किया जाएगा।
नगरी माता समिति सदस्यों ने नगर सहित क्षेत्र की धर्मप्रेमी जनता से सभी आयोजनों में अधिक से अधिक संख्या में पधार कर धर्मलाभ लेने का आह्वान किया है।