‘बाप के साथ ऑटो चलाओ’… अपने जीवन के कठिन दौर में भारत के स्टार तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को दुनिया के ऐसे कठोर ताने सुनने पड़ते थे. आज मोहम्मद सिराज भारत के प्रीमियम तेज गेंदबाजों में से एक हैं और करोड़ों रुपये कमा रहे हैं. वक्त हमेशा एक जैसा नहीं रहता. मोहम्मद सिराज ने लोगों की आलोचनाओं से पार पाते हुए कड़ी मेहनत की और आज वह भारत के कामयाब तेज गेंदबाज बन गए हैं. मोहम्मद सिराज ने हाल ही में खुलासा किया कि कुछ साल पहले उन्हें ऑनलाइन ट्रोल्स के भद्दे कटाक्ष झेलने पड़े थे.
सिराज ने दुनिया को सुनाई दर्दनाक आपबीती
मोहम्मद सिराज ने घरेलू और विदेशी धरती पर दमदार प्रदर्शन के दम पर भारतीय क्रिकेट टीम में अपनी जगह पक्की कर रखी है, लेकिन आज वे जिस मुकाम पर पहुंचे हैं, वहां तक का उनका सफर आसान नहीं रहा है. मोहम्मद सिराज ने उस बेहद तीखी आलोचना को याद किया, जो उन्हें कुछ साल पहले झेलनी पड़ी थी. ऑनलाइन ट्रोल्स ने इस तेज गेंदबाज पर भद्दे तंज कसे थे. मोहम्मद सिराज के दिवंगत पिता ऑटो रिक्शा चलाया करते थे और कुछ लोगों ने इस बात को मोहम्मद सिराज को ट्रोल करने के लिए इस्तेमाल करना शुरू कर दिया.
‘बाप के साथ ऑटो चलाओ’
मोहम्मद सिराज जब-जब आईपीएल या टीम इंडिया के लिए गेंदबाजी में अच्छा प्रदर्शन नहीं करते तो ऑनलाइन ट्रोल्स उन्हें अपने पिता के साथ ऑटो चलाने की बात कहकर ताना मारते थे. मोहम्मद सिराज ने कहा, ‘ट्रोलिंग बहुत बुरी लगती थी. जब आप अच्छा प्रदर्शन करते हैं, तो फैंस और दुनिया आपके साथ होती है और कहती है, ‘सिराज जैसा कोई गेंदबाज नहीं है’. अगले मैच में, अगर आप अच्छा प्रदर्शन नहीं करते, तो वे कहेंगे, ‘अरे, ये कैसा गेंदबाज है. जा अपने बाप के साथ ऑटो चला,’ इसका क्या मतलब है? आप एक मैच में हीरो होते हैं और दूसरे में जीरो.’
मोहम्मद सिराज आज कामयाब गेंदबाज
मोहम्मद सिराज ने कहा, ‘लोग इतनी जल्दी बदल जाते हैं? मैंने तय किया कि मुझे बाहरी राय और मान्यता की जरूरत नहीं है. मेरे साथी और परिवार मेरे बारे में क्या सोचते हैं, यह महत्वपूर्ण है, वे लोग जो मायने रखते हैं. मुझे परवाह नहीं कि दूसरे क्या सोचते हैं.’ मोहम्मद सिराज की वापसी उनकी मानसिक मजबूती को दिखाता है. बता दें कि इस साल जून से अगस्त तक भारत ने इंग्लैंड की धरती पर पांच मैचों की टेस्ट सीरीज खेली थी और उसे 2-2 से ड्रॉ करवाने की बड़ी उपलब्धि हासिल की थी. इंग्लैंड के दौरे पर टीम इंडिया की इस कामयाबी का श्रेय मोहम्मद सिराज को जाता है. मोहम्मद सिराज ने इस टेस्ट सीरीज में सबसे ज्यादा 23 विकेट चटकाए थे.