गरुण दल की ‘ऑपरेशन स्वीट क्लीन’: जबलपुर के बाजारों में छापेमारी, भोपाल भेजे गए दर्जनों सैंपल – Jabalpur News

गरुण दल की ‘ऑपरेशन स्वीट क्लीन’:  जबलपुर के बाजारों में छापेमारी, भोपाल भेजे गए दर्जनों सैंपल – Jabalpur News



जबलपुर में त्योहारों से पहले मिठाइयों में मिलावट रोकने के लिए प्रशासन का ‘गरुण दल’ सक्रिय हो गया है। शनिवार से ही शहर के साथ पाटन, सिहोरा और पनागर में खोवा, मावा और मिठाइयों की जांच के लिए सघन छापेमारी की जा रही है। इस अभियान के तहत अब तक 77 मामले दर

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खाद्य सुरक्षा अधिकारी संजय कुमार वर्मा ने बताया कि त्योहारों के दौरान खोवा और मिठाई की खपत बढ़ जाती है, जिससे मिलावट की संभावना भी बढ़ जाती है। उपभोक्ताओं को असुरक्षित खाद्य पदार्थों से बचाने के लिए बाजारों में गुणवत्ता की निगरानी आवश्यक है। इस टीम में तहसीलदार और एसडीएम सहित कई अधिकारी शामिल हैं।

गरुण दल ने गोरखपुर खोवा मंडी, मदन महल, पाटन, सिहोरा और पनागर से मावा और उससे बने खाद्य पदार्थों के नमूने एकत्र किए हैं। इन सभी नमूनों को राज्य प्रयोगशाला भोपाल भेजा है। रिपोर्ट आने के बाद यदि कोई नमूना अमानक पाया जाता है, तो संबंधित व्यापारी के खिलाफ अदालत में प्रकरण दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

खाद्य विभाग के अनुसार, बीते एक वर्ष में 72 मामले एडीएम न्यायालय और 5 मामले सीजीएम न्यायालय में दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में कई व्यापारियों पर ₹1 लाख, ₹50 हजार और ₹30 हजार तक के जुर्माने लगाए जा चुके हैं। पिछले पांच महीनों से दूध, पनीर और मावा उत्पादों की लगातार जांच जारी है।

छापेमारी के दौरान कई दुकानों पर गंदगी और हानिकारक रंगों का उपयोग पाया गया। दमोह नाका स्थित बाबू भाई मिष्ठान भंडार में अत्यधिक गंदगी मिलने पर लाइसेंस निलंबित करने की कार्रवाई की गई है।

गोरखपुर के हीरा स्वीट्स से खोवा और मिठाई के नमूने जांच के लिए भोपाल भेजे गए हैं। इसके अतिरिक्त, पांच अन्य दुकानों पर ‘गाय छाप’ जैसे प्रतिबंधित हाई डेंसिटी कलर का उपयोग करते पाए जाने पर उनके खिलाफ न्यायालय में प्रकरण दर्ज किए गए हैं।



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