रायसेन का बासमती चावल अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहुंचा: दिल्ली में मध्य प्रदेश के दो जिलों के चावल को प्रदर्शित किया गया, – Raisen News

रायसेन का बासमती चावल अंतरराष्ट्रीय मंच पर पहुंचा:  दिल्ली में मध्य प्रदेश के दो जिलों के चावल को प्रदर्शित किया गया, – Raisen News


नई दिल्ली में आयोजित अंतरराष्ट्रीय चावल सम्मेलन 2025 में रायसेन जिले के बासमती चावल ने विशेष पहचान बनाई।दुनिया के कई देशों के प्रतिनिधियों ने इसकी गुणवत्ता की प्रशंसा की।यह चावल फिलहाल 40 देशों में निर्यात किया जा रहा है।

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इस सम्मेलन का उद्देश्य भारत समेत अन्य देशों के कृषि उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देना था।इसमें कनाडा, थाईलैंड, दक्षिण अफ्रीका और यूएई जैसे देशों के प्रतिनिधि शामिल हुए।

मध्य प्रदेश के दो जिलों के चावल रहे आकर्षण का केंद्र

मध्य प्रदेश से बालाघाट जिले के जीआई टैग प्राप्त चिन्नौर चावल और रायसेन के बासमती चावल को प्रदर्शित किया गया।रायसेन का प्रतिनिधित्व राजेंद्र रघुवंशी (कृषि विभाग) ने किया।वहीं, राज्य स्तर से सुनील कुमार सोने (एडीए) और सैयद जुबेर अहमद (प्रमुख, निर्यात प्रकोष्ठ) भी मौजूद रहे।

50 से अधिक निर्यातकों से हुई बातचीत

सम्मेलन में मध्य प्रदेश के दल ने 50 से अधिक निर्यातकों से संवाद किया। अधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन प्रदेश के कृषि उत्पादों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पहचान दिलाने की दिशा में अहम कदम है।

रायसेन जिले में इस साल करीब 3 लाख हेक्टेयर में धान की खेती की गई है, जिसमें 2 लाख 43 हजार हेक्टेयर में पूसा बासमती है। पिछले साल जिले में 10 लाख मीट्रिक टन धान का उत्पादन हुआ था।

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