270.27 के स्ट्राइक रेट से 37 गेंद पर ठोका 100, उड़ाए 8 छक्के और 9 चौके, कौन था भारत का ये धुआंधार बल्लेबाज?

270.27 के स्ट्राइक रेट से 37 गेंद पर ठोका 100, उड़ाए 8 छक्के और 9 चौके, कौन था भारत का ये धुआंधार बल्लेबाज?


भारत के एक धुआंधार बल्लेबाज ने टी20 क्रिकेट में एक बार 37 गेंद पर शतक जड़कर भीषण तबाही मचा डाली थी. 270.27 के स्ट्राइक रेट से 37 गेंद पर शतक बनाकर इस बल्लेबाज ने पूरी दुनिया को अपने रौद्र रूप से रूबरू कराया था. 37 गेंद पर यह शतक साल 2010 में आईपीएल के दौरान बना था और यह उस वक्त इस लीग का सबसे तेज शतक का रिकॉर्ड भी था. आइए एक नजर डालते हैं, भारत के उस टैलेंटेड बल्लेबाज पर जिसने यह अद्भुत कारनामा किया था.

270.27 के स्ट्राइक रेट से 37 गेंद पर ठोका 100

हम बात कर रहे हैं भारत के विस्फोटक क्रिकेटरों में से एक रहे ऑलराउंडर यूसुफ पठान की. यूसुफ पठान ने 13 मार्च 2010 को राजस्थान रॉयल्स के लिए खेलते हुए मुंबई इंडियंस के खिलाफ IPL में सबसे तेज शतक जड़ने का महारिकॉर्ड बनाया था. यूसुफ पठान ने 37 गेंदों पर 100 रनों की पारी खेली थी. यूसुफ पठान ने अपनी पारी में 8 छक्के और 9 चौके जड़े थे. ये तब आईपीएल का सबसे तेज शतक था, बाद में इस रिकॉर्ड को क्रिस गेल ने साल 2013 में तोड़ा. यूसुफ पठान ने आईपीएल में 16 बार प्लेयर ऑफ द मैच का खिताब जीता है. वह 2008 में RR के साथ तो 2012 और 2014 में KKR के साथ खिताब जीत चुके हैं. RR और KKR के अलावा यूसुफ पठान SRH के लिए भी खेल चुके हैं.

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भारतीय क्रिकेट के सबसे खतरनाक बल्लेबाजों में शुमार

यूसुफ पठान ने साल 2021 में क्रिकेट को अलविदा कह दिया था. बेहद कम बोलने वाले पठान राजनीति में सक्रिय हैं और पश्चिम बंगाल की बहरामपुर सीट से सांसद हैं. भारतीय क्रिकेट में यूसुफ पठान और इरफान पठान की जोड़ी बेहद लोकप्रिय रही है. दोनों भाइयों ने भारतीय टीम को कई मैच जिताए हैं. यूसुफ पठान दाएं हाथ के स्पिनर और दाएं हाथ के विस्फोटक बल्लेबाज थे. इरफान पठान बाएं हाथ के तेज गेंदबाज थे और बाएं हाथ से ही बल्लेबाजी करते थे. यूसुफ पठान हमेशा अपनी बल्लेबाजी के लिए तो इरफान पठान अपनी गेंदबाजी के लिए जाने गए. यूसुफ पठान का नाम भारतीय क्रिकेट के सबसे खतरनाक बल्लेबाजों में लिया जाता है.

यूसुफ पठान ने क्रिकेट को चुना

यूसुफ पठान का जन्म 17 नवंबर 1982 को वडोदरा में हुआ था. यूसुफ के पिता, महमूद खान पठान, मस्जिद में मुअज्जिन का कार्य करते थे. मुअज्जिन का काम पांच वक्त की नमाज के लिए नमाजियों को मस्जिद में बुलाना होता है. महमूद खान चाहते थे कि यूसुफ पठान उच्च इस्लामिक शिक्षा प्राप्त करें और अपनी पहचान इस्लामिक स्कॉलर के रूप में बनाएं. इसके लिए यूसुफ पठान को प्रोत्साहित किया गया. लेकिन, जब यह निर्णय करने का वक्त आया कि भविष्य में क्या करना है, यूसुफ पठान ने क्रिकेट को चुना. उनका सपना भारत के लिए खेलना था, और इसके लिए उन्होंने कठिन परिश्रम करने की राह चुनी जिसने उन्हें बड़ी सफलता भी दिलाई.

इंटरनेशनल करियर ज्यादा लंबा नहीं रहा

यूसुफ पठान का इंटरनेशनल करियर ज्यादा लंबा नहीं रहा. 2007 से 2012 के बीच उन्होंने भारत के लिए 57 वनडे इंटरनेशनल और 22 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले. वनडे इंटरनेशनल में 2 शतक और 3 अर्धशतक लगाते हुए 810 रन उन्होंने बनाए और 33 विकेट लिए. वहीं, टी20 इंटरनेशनल की 18 पारियों में 236 रन बनाने के साथ ही 13 विकेट लिए. पठान का घरेलू और आईपीएल करियर बेहद सफल रहा, और इन्हीं दो मंचों पर खेलते हुए उनकी पहचान एक विस्फोटक बल्लेबाज के रूप में बनी.



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