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Indore Cryptocurrency Scam: इंदौर में USDT क्रिप्टोकरेंसी ठगी का मामला सामने आया है. एक प्रॉपर्टी डीलर से 55 लाख की धोखाधड़ी हुई. साइबर सेल ने दो आरोपियों को पकड़ा भी है. इस मामले ने एक बार फिर क्रिप्टोकरेंसी में निवेश के जोखिम को जगजाहिर किया है. जानें मामला…
रिपोर्ट: मिथिलेश गुप्ता
Indore News: रुपये के पैर नहीं होते, पर वो तेजी से भागता है… कुछ ऐसा ही इंदौर में देखने को मिला. 1 झटके में लाखों रुपये फुर्र हो गए. इंदौर के प्रॉपर्टी डीलर हितेश प्रधान को प्लॉट डीलिंग में बड़ी रकम हाथ लगी थी. वह फॉर्च्यूनर खरीदने की सोच रहे थे. लेकिन, उनके पैसे पर किसी और की नजर थी. दो लोगों ने उनको अमेरिकी क्रिप्टोकरेंसी USDT में निवेश का लालच दिया और 55 लाख रुपये ठगी कर ली. इस मामले ने एक बार फिर क्रिप्टोकरेंसी में निवेश के जोखिम को जगजाहिर किया.
USDT से दोगुना मुनाफे का लालच
मामले के अनुसार, खातीवाला टैंक निवासी आरोपी मुर्तजा शैफी और ताहिर महूवाला ने हितेश को USDT में दोगुना मुनाफा दिलाने का झांसा देकर जाल बिछाया. आरोपियों ने पहले नकद 55 लाख रुपये लिए. कमीशन काटकर 65,000 USDT खरीदे और उसके ट्रस्ट वॉलेट (क्रिप्टो ऐप) में ट्रांसफर करवाए. ट्रस्ट वॉलेट एक मोबाइल ऐप है, जिसके माध्यम से क्रिप्टो करेंसी खरीदी, बेची और सुरक्षित रखी जाती है.
लिंक पर क्लिक करते ही…
इसके बाद आरोपियों ने “कॉइन ऑथेंटिकेटर” के नाम से एक फर्जी लिंक हितेश के मोबाइल पर भेजा. हितेश से कहा कि USDT की जांच करने के लिए उस लिंक पर क्लिक करें. हितेश ने जैसे ही लिंक खोला, उसके ट्रस्ट वॉलेट से पूरे 65,000 USDT धोखाधड़ीपूर्वक दूसरे वॉलेट में ट्रांसफर हो गए. अब हितेश के हाथ में कुछ नहीं था. न 55 लाख और न क्रिप्टोकरेंसी. हितेश पुलिस के पास पहुंचे.
ऐसे पकड़े गए शातिर
हितेश की शिकायत पर साइबर सेल ने तकनीकी जांच की. मोबाइल नंबर, व्हाट्सएप चैट और ट्रांजैक्शन डिटेल्स से आरोपियों की भूमिका पकड़ ली. पूछताछ में दोनों ने कबूल किया कि वे नकद लेकर USDT ट्रांसफर का खेल चलाते थे. टीम ने उनके मोबाइल, सिम और डिजिटल साक्ष्य जब्त कर लिए.
गिरोह का पता लगा रही पुलिस
साइबर सेल के सब इंस्पेक्टर राम बाजपेयी ने बताया, “यह अंतरराष्ट्रीय क्रिप्टो ठगी का मामला है. हम ट्रांजैक्शन ट्रैकिंग जारी रखे हुए हैं. जनता को सलाह है कि क्रिप्टो निवेश से पहले सत्यापन करें. गिरोह के अन्य सदस्यों को जल्द पकड़ेंगे.” पुलिस ने IPC की धारा 420 (धोखाधड़ी) और IT एक्ट के तहत केस दर्ज किया.
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एक दशक से अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय. प्रिंट मीडिया से शुरुआत. साल 2023 से न्यूज 18 हिंदी के साथ डिजिटल सफर की शुरुआत. न्यूज 18 के पहले दैनिक जागरण, अमर उजाला में रिपोर्टिंग और डेस्क पर कार्य का अनुभव. म…और पढ़ें