जबलपुर के चर्च में हंगामा, दो पक्ष आपस में भिड़े: कुर्सियां उछाली, पथराव किया; हिंदू संगठन का आरोप- प्रार्थना के नाम पर धर्मांतरण कराया जा रहा – Jabalpur News

जबलपुर के चर्च में हंगामा, दो पक्ष आपस में भिड़े:  कुर्सियां उछाली, पथराव किया; हिंदू संगठन का आरोप- प्रार्थना के नाम पर धर्मांतरण कराया जा रहा – Jabalpur News


जबलपुर के कटंगा क्षेत्र के बाद अब माढ़ोताल स्थित एक प्रार्थना सभा में भी हंगामे की घटना सामने आई है। आरोप है कि शिव शक्ति नगर के पास स्थित एक चर्च में हिंदू संगठन के कार्यकर्ता पहुंचे और वहां पथराव के साथ मारपीट हुई, जिसमें महिलाओं और बच्चों के घायल

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घटना की सूचना मिलते ही माढ़ोताल थाने की पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को नियंत्रित किया। हिंदू संगठन के कार्यकर्ताओं का आरोप है कि प्रार्थना सभा की आड़ में धर्मांतरण कराया जा रहा था। उनका कहना है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया तो चर्च में मौजूद लोगों ने लोहे की रॉड और हॉकी से हमला कर दिया।

वहीं, पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतें दर्ज कर ली हैं और पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है।

धर्मांतरण का आरोप

रविवार सुबह करीब 11 बजे हिंदू सेवा परिषद के कार्यकर्ताओं को सूचना मिली कि शिव शक्ति नगर के पास स्थित एक चर्च में बड़ी संख्या में लोग एकत्र हैं, जिनमें कुछ हिंदू दूसरे जिले से आए बताए जा रहे थे। सूचना के बाद कार्यकर्ता मौके पर पहुंचे, जहां उन्होंने देखा कि प्रार्थना भवन में महिलाएं, बच्चे और पुरुष बड़ी संख्या में मौजूद थे।

कार्यकर्ताओं का कहना है कि उन्होंने केवल इतनी जानकारी चाही कि यहां इतनी भीड़ क्यों जुटी है और ये लोग कहां के हैं। आरोप है कि इसी बात पर वहां मौजूद लोग भड़क गए और प्रार्थना भवन में मौजूद लोगों ने विवाद करते हुए अचानक हमला कर दिया, जिससे स्थिति तनावपूर्ण हो गई।

चर्चा में प्रार्थना सभा के दौरान विवाद हो गया और एक दूसरे पर कुर्सियां फेंकी गई।

हिंदू सेवा परिषद के प्रदेश सचिव निखिल कनोजिया का आरोप है कि उक्त चर्च में लंबे समय से पैसे और जमीन का लालच देकर भोले-भाले हिंदुओं का धर्मांतरण कराया जा रहा है। उनका कहना है कि मौके पर करीब 100 से अधिक लोग मौजूद थे, जिनमें हिंदू और ईसाई दोनों समुदाय के लोग शामिल थे। आरोप है कि हिंदू लोगों से प्रार्थना करवाई जा रही थी और इसके जरिए उन्हें धर्म परिवर्तन के लिए प्रेरित किया जा रहा था।

निखिल कनोजिया का यह भी कहना है कि पहले इस तरह की गतिविधियां आदिवासी इलाकों तक सीमित थीं, लेकिन अब शहरों में भी धर्मांतरण का नेटवर्क सक्रिय हो गया है। परिषद ने मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।

प्रार्थना सभा में लगे जय श्रीराम के नारे

हिंदू सेवा परिषद के कार्यकर्ता प्रार्थना सभा के भीतर पहुंचे और जय श्रीराम के नारे लगाने लगे। इस दौरान वहां मौजूद लोगों से उनकी कहासुनी हो गई, जिसके बाद स्थिति तनावपूर्ण हो गई और हंगामा शुरू हो गया। आरोप है कि कार्यकर्ताओं ने प्रार्थना सभा में रखी कुर्सियों को उछाल दिया, जिससे दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। विवाद बढ़ने पर दोनों ओर से पथराव भी हुआ। सूचना मिलते ही माढ़ोताल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हंगामा कर रहे युवकों को हिरासत में लेकर स्थिति को नियंत्रित किया।

हंगामे की स्थिति बनने पर लोग बाहर भागने लगे।

हंगामे की स्थिति बनने पर लोग बाहर भागने लगे।

यहां आराधना होती है, धर्मांतरण नहीं

चर्च में मौजूद महिला मनीषा पाखरे ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यहां मानवता का काम किया जाता है और प्रभु की आराधना होती है, न कि धर्मांतरण। उन्होंने बताया कि वर्षों से लोग अपनी मर्जी से यहां आते हैं और प्रार्थना करते हैं।

मनीषा के मुताबिक, जब प्रार्थना सभा चल रही थी, तभी 15 से 20 युवक जय श्रीराम के नारे लगाते हुए अंदर घुस आए और महिलाओं व बच्चों के साथ मारपीट की। उन्होंने सवाल उठाया कि जब दूसरे लोग अपने-अपने पूजा स्थल पर पूजा करते हैं तो कोई वहां हस्तक्षेप नहीं करता, फिर उनकी प्रार्थना सभा में आकर हंगामा क्यों किया गया।

कुछ लड़कों को पकड़ा गया है

शिव शक्ति नगर स्थित चर्च में हंगामे की सूचना मिलते ही माढ़ोताल थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रण में लिया। पुलिस ने हंगामा कर रहे कुछ युवकों को पकड़कर पूछताछ शुरू कर दी है। इस मामले में एसआई विनीता गारोत ने बताया कि फिलहाल कुछ लड़कों को हिरासत में लिया गया है। दोनों पक्षों की शिकायत के आधार पर जांच की जा रही है और जिस पक्ष की ओर से एफआईआर दर्ज कराई जाएगी, उसके अनुसार आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी।

मौके पर पहुंचकर पुलिस बल ने भीड़ को शांत किया।

मौके पर पहुंचकर पुलिस बल ने भीड़ को शांत किया।

शनिवार को कटंगा में भी हुआ था हंगामा

इससे पहले शनिवार को कटंगा स्थित एक चर्च में भी इसी तरह का विवाद सामने आया था। यहां हिंदू संगठनों के कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया था कि ब्लाइंड बच्चों को जबरन चर्च लाया जा रहा है। आरोपों के बाद दोनों पक्षों के बीच कहासुनी बढ़ गई और स्थिति हंगामे में बदल गई। सूचना मिलते ही गोरखपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हस्तक्षेप कर हालात को नियंत्रित किया।



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