Shafali Verma Birthday: भारतीय महिला क्रिकेट की युवा सनसनी शेफाली वर्मा आज यानी 28 जनवरी, 2026 को अपना 22वां जन्मदिन मना रही हैं. हैरान करने वाली बात ये है कि 22 वर्ष की आयु में भी वो बल्ले से ताबड़तोड़ प्रदर्शन करते हुए भारत को कई मैच जीता चुकी हैं. भारत को पहली बार वर्ल्ड चैंपियन बनाने में भी शेफाली का अहम रोल रहा था. 4 नवंबर, 2025 को साउथ अफ्रीका के खिलाफ हुए फाइनल में उन्होंने 78 गेंदों par 87 रनों की शानदार पारी खेली थी.
शेफाली वर्मा का जन्म 28 जनवरी 2004 को रोहतक, हरियाणा में हुआ था. शेफाली का जन्म ऐसे परिवार में हुआ था, जहां क्रिकेट का माहौल था. उनके पिता संजीव वर्मा का सपना भारत के लिए खेलने का था, लेकिन पारिवारिक जिम्मेदारियों की वजह से उन्हें अपने लक्ष्य से पीछे हटना पड़ा. हालांकि, अपने तीन बच्चों को उन्होंने कभी खेलने से नहीं रोका.
शेफाली के एक छोटी बहन है और एक बड़ा भाई है। तीनों ही क्रिकेट खेलते हैं और साथ खेलते हुए बड़े हुए। क्रिकेट के प्रति उनका लगाव अद्भुत था. नेट्स में घंटों अभ्यास करना, अपनी फिटनेस और क्रिकेट पर काम करने का उनका जज्बा सबसे अलग था. शेफाली ने बचपन से ही सचिन तेंदुलकर को अपना आदर्श माना है. सचिन की वीडियो देखकर उन्होंने अपनी बल्लेबाजी को धारदार और दमदार बनाया.
शेफाली ने तोड़ा था सचिन का रिकॉर्ड
दाएं हाथ की आक्रामक सलामी बल्लेबाज शेफाली का बचपन से सपना देश के लिए खेलना और बड़ा नाम करना था. इस जुनून ने ने उन्हें भारत के लिए खेलने वाले सबसे युवा क्रिकेटर (पुरुष या महिला) बनने का मौका दिया. महज 15 साल 239 दिन की उम्र में शेफाली ने टी20 में भारत के लिए डेब्यू किया था. शेफाली ने सबसे युवा क्रिकेटर के रूप में भारत के लिए खेलने के अपने आदर्श सचिन तेंदुलकर के रिकॉर्ड को तोड़ा था. सचिन ने 16 साल 238 दिन की उम्र में भारत के लिए डेब्यू किया था.
शेफाली वर्मा तीनों फॉर्मेट में भारत की तरफ से डेब्यू करने वाली (पुरुष या महिला) सबसे युवा क्रिकेटर हैं. डेब्यू के बाद से शेफाली लगातार भारतीय टीम का हिसाा रही हैं. महिला वनडे विश्व कप 2025 से ठीक पहले वह खराब फॉर्म से गुजर रही थीं और इस वजह से उन्हें विश्व कप की टीम में नहीं चुना गया था. बतौर ओपनर स्मृति मंधाना के साथ प्रतिका रावल खेल रही थीं. प्रतिका रावल का प्रदर्शन भी अच्छा था, लेकिन सेमीफाइनल से ठीक पहले रावल इंजर्ड होकर विश्व कप से बाहर हो गईं. उनकी जगह शेफाली वर्मा को मौका दिया गया.
सेमीफाइनल में शेफाली का बल्ला नहीं चला, लेकिन 2 नवंबर 2025 को दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ हुए फाइनल मुकाबले में बल्ले और गेंद से दमदार प्रदर्शन कर न सिर्फ उन्होंने भारतीय टीम को पहली बार विश्व चैंपियन बनाया, बल्कि अपना नाम इतिहास के पन्नों में दर्ज करा लिया. शेफाली का विश्व कप फाइनल में किया गया प्रदर्शन हमेशा याद किया जाएगा.
वर्ल्ड कप फाइनल में मचाया तहलका
फाइनल में शेफाली ने 78 गेंद पर 87 रन बनाने के अलावा 7 ओवर में 36 रन देकर 2 विकेट लिए थे और प्लेयर ऑफ द मैच रही थीं. किस्मत ने शेफाली को मौका दिया जिसका फायदा उन्होंने उठाया और भारत को चैंपियन बनाने के साथ ही एक बड़े रोल मॉडल के रूप में उभरीं हैं.
अब तक के करियर पर नजर डालें तो शेफाली वर्मा ने 5 टेस्ट में 1 शतक और 3 अर्धशतक की मदद से 567 रन बनाए हैं. उनका सर्वाधिक स्कोर 205 है. वहीं 31 वनडे में 5 अर्धशतक की मदद से 741 और 95 टी20 में 14 अर्धशतक की मदद से 2,462 रन बनाए हैं. शेफाली अभी सिर्फ 22 साल की हैं. उनका करियर बहुत लंबा है और आने वाले समय में महिला क्रिकेट में बल्लेबाजी के तमाम रिकॉर्ड अपने नाम कर सकती हैं.