ICC ने ठुकराई सारी डिमांड, क्या अब भी हो पाएगा T20 WC में भारत-पाक का मैच?

ICC ने ठुकराई सारी डिमांड, क्या अब भी हो पाएगा T20 WC में भारत-पाक का मैच?


नई दिल्ली: 15 फरवरी को होने वाले भारत-पाकिस्तान के मुकाबले को लेकर संकट के बादल छंटने का नाम नहीं ले रहे हैं. ताजा खबरों की माने तो आईसीसी ने पाकिस्तान की उन सारी डिमांड को सिरे से खारिज कर दिया, जो उसने भारत के साथ खेलने के लिए रखी थी. इतना ही नहीं आईसीसी ने पीसीबी अध्यक्ष मोहसिन नकवी को पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ से बातचीत करने और फैसले पर सोचने के लिए एक दिन का समय भी दिया है.

सूत्रों की माने तो मंगलवार सुबह आधिकारिक घोषणा किए जाने की उम्मीद है. चलिए आपको वो डिमांड बताते हैं, जिन्हें आईसीसी ने सिरे से खारिज कर दिया है.

1. बांग्लादेश पर जुर्माना न लगाया जाए: PCB की मांग थी कि बांग्लादेश को आईसीसी राजस्व (Revenue) में उनका पूरा हिस्सा मिलना चाहिए. इस पर ICC ने पहले ही साफ कर दिया कि उन्होंने अपनी ओर से बांग्लादेश पर कोई जुर्माना न लगाने का फैसला लिया है.

2. भारत के साथ द्विपक्षीय सीरीज (Bilaterals): पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने मांग की कि भारत को पाकिस्तान के साथ द्विपक्षीय सीरीज खेलने के लिए कहा जाए. आईसीसी ने इसे खारिज कर दिया और कहा कि यह उनके अधिकार क्षेत्र में नहीं है, यहाँ तक कि वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) चक्र में भी नहीं.

3. भारत-पाक-बांग्लादेश त्रिकोणीय सीरीज (Tri-series): पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने तीनों देशों के बीच एक ट्राई-सीरीज कराने का प्रस्ताव रखा. ICC ने इसे भी खारिज करते हुए कहा कि द्विपक्षीय या त्रिकोणीय सीरीज तय करना बोर्ड्स का काम है, ICC का नहीं.

4. भारतीय टीम का बांग्लादेश दौरा: पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड की मांग थी कि भारत को इसी साल सीरीज के लिए बांग्लादेश का दौरा करना चाहिए. आईसीसी ने इस पर भी हाथ खड़े कर दिए और इसे अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर बताया.

क्या भारत कोलंबो जाएगा?
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (बीसीसीआई) ने अभी तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है, लेकिन विश्वसनीय सूत्रों के अनुसार बोर्ड इस मामले पर आईसीसी से औपचारिक सूचना का इंतजार कर रहा है. उच्च सूत्रों के मुताबिक भारतीय टीम आईसीसी प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करेगी. टीम के निर्धारित समय पर श्रीलंका जाने और मैच से पहले की नियमित तैयारियों को पूरा करने की उम्मीद है, जिसमें ट्रेनिंग सेशन और अनिवार्य प्रेस कॉन्फ्रेंस शामिल हैं. भारतीय टीम मैच के दिन निर्धारित समय पर आर प्रेमदासा स्टेडियम पहुंचेगी और मैच रेफरी के फैसले का इंतजार करेगी कि अगर पाकिस्तान मैदान पर नहीं उतरता है तो मैच रद्द किया जाए या नहीं.

पाकिस्तान के हटने पर होने वाले नुकसान का क्या?
पीटीआई के अनुसार, भारत-पाकिस्तान का मुकाबला वैश्विक क्रिकेट में सबसे अधिक कमाई करने वाला मुकाबला बना हुआ है, जिससे लगभग 2,200 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होता है. इस लोकप्रियता का लाभ उठाने के लिए आईसीसी ने 2012 से हर बड़े टूर्नामेंट में दोनों टीमों को एक ही ग्रुप में रखा है, जबकि बिगड़ते राजनयिक संबंधों के कारण पिछले 14 साल से द्विपक्षीय क्रिकेट संभव नहीं हो पाया है. यदि पाकिस्तान अपने रुख पर अड़ा रहता है, तो उसे लाखों रुपये के राजस्व का नुकसान उठाना पड़ेगा और अगर पाकिस्तान टूर्नामेंट में भाग नहीं लेता है, तो आईसीसी के खजाने को भारी नुकसान होगा. मेजबान प्रसारक को एक महत्वपूर्ण मैच के लिए 200 करोड़ रुपये से 250 करोड़ रुपये तक के विज्ञापन राजस्व का नुकसान हो सकता है, जिसके 10 सेकंड के विज्ञापन स्लॉट की कीमत 40 लाख रुपये तक हो सकती है.



Source link