Even after the big score in IPL, the importance of bowlers did not diminish. | आईपीएल में बड़े स्कोर के बाद भी गेंदबाजों की अहमियत कम नहीं हुई

Even after the big score in IPL, the importance of bowlers did not diminish. | आईपीएल में बड़े स्कोर के बाद भी गेंदबाजों की अहमियत कम नहीं हुई


9 मिनट पहले

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ईपीएल के दूसरे हफ्ते में सबसे ज्यादा चर्चा अंतिम ओवरों में बल्लेबाजों द्वारा बड़ी हिटिंग की रही। बतौर टाॅप ऑर्डर रोहित, राहुल और सैमसन ने जबकि फिनिशर के तौर पर हार्दिक और पोलार्ड ने मैदान के चारों ओर छक्के लगाए। वहीं, तेवतिया ने शेल्डन कॉट्रेल के एक ओवर में पांच छक्के लगाकर ना केवल टीम को जीत दिलाई बल्कि 224 रन का विशाल लक्ष्य भी हासिल किया। सपाट पिच, तेज आउटफील्ड और छोटे मैदान के कारण मैच में 200 से अधिक का स्कोर देखने को मिला। दो सुपर ओवर भी हुए। इसके बाद भी गेंदबाज असंगत साबित नहीं हुए हैं। तेज गेंदबाज शमी, रबाडा, कमिंस और स्पिनर राशिद-चहल ने शानदार गेंदबाजी की है। हमारे बड़े खिलाड़ियों के प्रदर्शन की बात की जाए तो अभी यह मिश्रित रहा है। पहला मैच हारने के बाद रोहित ने अच्छा फाॅर्म दिखाया और टीम को टाॅप पर पहुंचाया। धोनी ने हैदराबाद के खिलाफ पारी से दिखाया है कि वे अभी भी बल्ले से जीत दिला सकते हैं। हालांकि टीम आखिरी नंबर पर है। पिछले हफ्ते का सबसे बड़ा आकर्षण युवा खिलाड़ियों का अच्छा प्रदर्शन रहा। चेन्नई और हैदराबाद के खिलाफ वाॅर्नर और राशिद ने बड़ी भूमिका निभाई। लेकिन 19 साल के प्रियम गर्ग और 20 साल के अभिषेक शर्मा ने बड़ी साझेदारी करके चीजों को बदल दिया। इसके अलावा युवा गेंदबाज नटराजन, खलील और समद ने भी अच्छी भूमिका निभाई। कोलकाता ने मावी, नागरकोटी, शुभमन और वरुण चक्रवर्ती पर विश्वास दिखाया था। ये सभी 20 की उम्र के आस-पास हैं और इन्होंने रिटर्न देना शुरू कर दिया है। राहुल चाहर और बिश्नोई को भले ही अधिक विकेट नहीं मिले हों लेकिन उनका प्रदर्शन भी अच्छा रहा है। हालांकि आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन करने वाले सभी खिलाड़ियों को टीम इंडिया में जगह नहीं मिलती है। लेकिन फिर भी यह खुद को साबित करने का अच्छा मंच है।



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