Nissan Gravite vs Kia Carens: निसान ग्रेवाइट और किआ कैरेंस दोनों ही MPV सेगमेंट में एक दूसरे को टक्कर देती हैं. हालांकि, ये दोनों अलग-अलग बजट और जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं. कीमत के मोर्चे पर निसान ग्रेवाइट एक बेहद किफायती 7-सीटर विकल्प के रूप में उभरती है, जिसकी शुरुआती एक्स-शोरूम कीमत लगभग ₹5.65 लाख है.
वहीं, किआ कैरेंस एक प्रीमियम MPV है, जिसकी शुरुआत ही लगभग ₹10.50 लाख से होती है. डिजाइन के मामले में ग्रेवाइट 4 मीटर से कम लंबी होने के कारण शहर के तंग रास्तों के लिए अधिक व्यावहारिक है और इसमें निसान की सिग्नेचर ग्रिल व आधुनिक LED लाइटिंग मिलती है. इसके विपरीत, किआ कैरेंस काफी लंबी और चौड़ी है, जिसका व्हीलबेस अपने सेगमेंट में सबसे बड़ा है. आइए, दोनों की केबिन, फीचर्स, सेफ्टी, इंजन और माइलेज डिटेल पर एक नजर डालते है.
केबिन और कम्फर्ट
इंटीरियर और स्पेस की बात करें तो निसान ग्रेवाइट की सबसे बड़ी खूबी इसकी रिमूवेबल थर्ड रो है, जिसे हटाकर आप भारी सामान के लिए अतिरिक्त बूट स्पेस बना सकते हैं. हालांकि, किआ कैरेंस का केबिन ज्यादा आलीशान और प्रीमियम मैटेरियल से बना है, जहां यात्रियों को अधिक लेगरूम और लग्जरी महसूस होती है.
फीचर्स के मामले में ग्रेवाइट में 8-इंच टचस्क्रीन, वायरलेस एंड्रॉइड ऑटो/एपल कारप्ले और डिजिटल क्लस्टर जैसे मॉडर् फीचर्स मिलते हैं, लेकिन कैरेंस यहां बाजी मार लेती है, क्योंकि इसमें वेंटिलेटेड सीट्स, सनरूफ, बोस (Bose) म्यूजिक सिस्टम और स्मार्ट एयर प्यूरीफायर जैसे हाई-एंड विकल्प मौजूद हैं.
इंजन और परफॉरमेंस
निसान ग्रेवाइट में 1.0 लीटर का पेट्रोल इंजन मिलता है, जो शहर की ड्राइविंग के लिए पर्याप्त है और करीब 19-20 kmpl का शानदार माइलेज देता है. वहीं, किआ कैरेंस में 1.5 लीटर पेट्रोल और डीजल इंजन के विकल्प मिलते हैं, जो हाईवे पर अधिक पावर और बेहतर ड्राइविंग अनुभव प्रदान करते हैं.
सेफ्टी के लिहाज से दोनों गाड़ियाँ अच्छी हैं, क्योंकि दोनों में ही 6 एयरबैग्स, ESC और हिल स्टार्ट असिस्ट जैसे फीचर्स मानक (Standard) तौर पर मिलते हैं. यदि आप कम बजट में एक स्मार्ट 7-सीटर चाहते हैं तो ग्रेवाइट सबसे बेस्ट है. इसके अलावा लग्जरी और अधिक पावर की तलाश में हैं, तो कैरेंस बेहतर चुनाव होगी. खरीदने से पहले इन दोनों की टेस्ट ड्राइव जरूर लें.