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Chhatarpur Water Crisis: छतरपुर जिले में गर्मी शुरू होते ही पानी की समस्या ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. कई गांवों में हैंडपंप खराब होने से पीने के पानी की भारी किल्लत हो रही है. प्रशासन ने स्थिति को संभालने के लिए हेल्पलाइन नंबर और कंट्रोल रूम शुरू किया है. अब लोग सीधे अधिकारियों को कॉल कर अपनी समस्या बता सकते हैं. जानिए कौन-कौन से नंबर पर शिकायत दर्ज कराकर पानी की समस्या से राहत पाई जा सकती है.
Chhatarpur News: छतरपुर जिले में गर्मी की शुरुआत के साथ ही पानी की किल्लत भी सामने आने लगी है. हालत ये है कि अभी मार्च का महीना चल रहा है और कई गांवों में हैंडपंप जवाब देने लगे हैं. ग्रामीण इलाकों से लगातार खराब हैंडपंप की शिकायतें मिल रही हैं, जिससे लोगों की परेशानी बढ़ती जा रही है.
गांवों में हालात सबसे ज्यादा खराब
गौरिहार विकासखंड के गहबरा गांव के लोगों का कहना है कि यहां एक ही हैंडपंप है, जो खेत और सड़क किनारे लगा हुआ है. यही पानी का एकमात्र सहारा है.
पशुपालक भी अपने जानवरों को यहीं पानी पिलाते हैं, लेकिन दिक्कत ये है कि हैंडपंप से पानी बहुत देर से आता है. आसपास करीब 3 किलोमीटर तक दूसरा कोई जल स्रोत नहीं है, जिससे लोगों को मजबूरी में इसी पर निर्भर रहना पड़ रहा है.
प्रशासन ने जारी किए हेल्पलाइन नंबर
स्थिति को देखते हुए जिला प्रशासन ने एक्शन लेते हुए हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं. अब लोग सीधे अधिकारियों से संपर्क कर अपनी समस्या बता सकते हैं.
पीएचई विभाग के एसडीओ और अन्य अधिकारियों को जिम्मेदारी दी गई है कि वे जल्द से जल्द खराब हैंडपंपों की मरम्मत कराएं.
जिला स्तर पर कंट्रोल रूम शुरू
कलेक्टर पार्थ जैसवाल के निर्देश पर जिला स्तर पर कंट्रोल रूम भी बनाया गया है. यह कंट्रोल रूम लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग (PHE) के दफ्तर में संचालित होगा.
कंट्रोल रूम नंबर: 07682-248252
इस नंबर पर लोग कभी भी कॉल करके पानी की समस्या या खराब हैंडपंप की जानकारी दे सकते हैं.
विकासखंड स्तर पर भी करें संपर्क
सिर्फ जिला ही नहीं, बल्कि विकासखंड स्तर पर भी अधिकारियों के नंबर जारी किए गए हैं. लोग अपने-अपने क्षेत्र के सहायक यंत्री और उपयंत्री को सीधे कॉल करके शिकायत दर्ज करा सकते हैं. इससे समस्या का समाधान तेजी से हो सकेगा और लोगों को राहत मिलेगी.
समय रहते शिकायत करना जरूरी
प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि जैसे ही पानी की समस्या सामने आए, तुरंत संबंधित नंबर पर जानकारी दें. इससे सुधार कार्य समय पर हो पाएगा और गर्मी में पानी की किल्लत से बचा जा सकेगा.
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Shweta Singh, currently working with News18MPCG (Digital), has been crafting impactful stories in digital journalism for more than two years. From hyperlocal issues to politics, crime, astrology, and lifestyle,…और पढ़ें