क्या सच में मिलती है ‘अलौकिक शक्ति’? 12 गाड़ियों को अकेले खींचता ये भगत बना चर्चा का विषय

क्या सच में मिलती है ‘अलौकिक शक्ति’? 12 गाड़ियों को अकेले खींचता ये भगत बना चर्चा का विषय


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Burhanpur 12 Gadi Mela: बुरहानपुर में नवरात्रि के दौरान एक अनोखी परंपरा निभाई जाती है, जिसमें एक भगत सैकड़ों लोगों से भरी गाड़ियों को खींचता है. यह परंपरा पिछले पांच पीढ़ियों से चली आ रही है और लोगों में गहरी आस्था जुड़ी हुई है. भगत सवा महीने तक हनुमान जी की साधना करता है, जिसके बाद यह अद्भुत दृश्य देखने को मिलता है. इस मेले को देखने के लिए दूर-दूर से लोग पहुंचते हैं. जानिए इस अनोखी परंपरा और इसके पीछे की मान्यता की पूरी कहानी.

MP Ajab Gajab News: मध्य प्रदेश के बुरहानपुर जिले में नवरात्र के मौके पर एक ऐसी परंपरा निभाई जाती है, जिसे देखकर लोग हैरान रह जाते हैं. डाकवाड़ी क्षेत्र में हर साल “12 गाड़ी मेला” लगता है, जहां एक भगत सैकड़ों लोगों से भरी गाड़ियों को करीब 500 मीटर तक खींचता है. इस अनोखे नजारे को देखने के लिए मध्य प्रदेश ही नहीं, बल्कि महाराष्ट्र और गुजरात से भी लोग पहुंचते हैं.

5 पीढ़ियों से चल रही परंपरा
स्थानीय लोगों के मुताबिक यह परंपरा करीब पांच पीढ़ियों से चली आ रही है. पहले पूर्वज इस मेले का आयोजन करते थे और अब नई पीढ़ी भी इसे पूरे उत्साह से निभा रही है. हर साल नवरात्र में यह आयोजन होता है और धीरे-धीरे इसकी पहचान दूर-दूर तक फैल चुकी है.

साधना के बाद मिलती है ‘शक्ति’
बताया जाता है कि जो भगत गाड़ी खींचता है, वह करीब सवा महीने तक भगवान हनुमान की कड़ी साधना करता है. वह नियमों का सख्ती से पालन करता है, दिन-रात पूजा-अर्चना करता है. मान्यता है कि इसी साधना से उसे इतनी शक्ति मिलती है कि वह भारी-भरकम गाड़ियों को खींच पाता है.

ताप्ती नदी से जुड़ी आस्था
इस परंपरा में ताप्ती नदी का भी खास महत्व है. भगत रोज सुबह-शाम नदी किनारे पूजा करता है. नवरात्र के 9 दिनों तक वह घर पर नहीं सोता और पूरी तरह पूजा-पाठ में ही लीन रहता है.

20 मिनट का मेला, 10 दिन की तैयारी
दिलचस्प बात ये है कि यह पूरा आयोजन महज 20 मिनट का होता है, लेकिन इसकी तैयारी करीब 10 दिन पहले से शुरू हो जाती है. जब भगत गाड़ी खींचता है, तो हजारों लोग इस नजारे को देखने के लिए जमा हो जाते हैं. इस मेले में युवाओं का उत्साह देखने लायक होता है. बड़ी संख्या में युवा इसमें हिस्सा लेते हैं और परंपरा को आगे बढ़ाने में अहम भूमिका निभा रहे हैं.

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Shweta Singh

Shweta Singh, currently working with News18MPCG (Digital), has been crafting impactful stories in digital journalism for more than two years. From hyperlocal issues to politics, crime, astrology, and lifestyle,…और पढ़ें



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