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Hero Splendor को अब इलेक्ट्रिक बनाना संभव है और इसके लिए बाजार में RTO-अप्रूव्ड किट भी उपलब्ध हैं. करीब ₹80,000 के खर्च में आपकी पुरानी बाइक 120KM तक की रेंज दे सकती है. पेट्रोल के बढ़ते दामों के बीच ये विकल्प तेजी से पॉपुलर हो रहा है. लेकिन क्या ये वाकई फायदे का सौदा है? जानिए पूरा गणित, नियम और परफॉर्मेंस की सच्चाई.
Hero Spelndor में EV किट लगवाने की पूरी प्रोसेस जान लीजिए.
Hero Splendor देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली और पॉपुलर मोटरसाइकिल है. लोग इसे जमकर खरीदते हैं, लेकिन दुर्भाग्य से इस बाइक का इलेक्ट्रिक वर्जन अभी तक मार्केट में उपलब्ध नहीं है. ऐसे में सवाल उठता है कि क्या स्प्लेंडर को इलेक्ट्रिक बनाया जा सकता है? जवाब है: हां. पेट्रोल वाली हीरो स्प्लेंडर को इलेक्ट्रिक अवतार में बदला जा सकता है.
भारत में पुराने दोपहिया वाहनों को इलेक्ट्रिक में बदलने (EV Retrofitting) का चलन काफी बढ़ रहा है. स्प्लेंडर अपनी मजबूती और हल्के वजन के कारण इस बदलाव के लिए सबसे पसंदीदा बाइक मानी जाती है. कई स्टार्टअप्स ने इसके लिए खास ‘RTO-Approved’ कन्वर्जन किट भी बाजार में उतारी हैं. आइए जानते हैं कि इसको लेकर नियम क्या है और खर्च कितना आएगा?
कैसे काम करती है इलेक्ट्रिक किट?
पेट्रोल इंजन वाली स्प्लेंडर से उसका इंजन, गियरबॉक्स, चेन और साइलेंसर हटा दिया जाता है. इसकी जगह एक BLDC हब मोटर, लिथियम-आयन बैटरी पैक, कंट्रोलर और बैटरी इंडिकेटर लगाए जाते हैं. इसमें गियर की जरूरत नहीं होती, ये सीधे एक्सीलेटर से चलती है.
क्या हैं सरकारी नियम? (RTO Rules)
किसी भी पेट्रोल बाइक को इलेक्ट्रिक में बदलने के लिए आपको भारत सरकार के नियमों का पालन करना अनिवार्य है, जो इस प्रकार हैं-
- RTO अप्रूव्ड किट: कोई भी किट नहीं लग सकती, ICAT या ARAI द्वारा प्रमाणित होना जरूरी है.
- रजिस्ट्रेशन में बदलाव: किट लगवाने के बाद आपको अपनी बाइक के RC में बदलाव करवाना पड़ेगा.
- बीमा: इंजन बदलने के बाद आपको नया पॉलिसी डॉक्यूमेंट अपडेट कराना होगा.
कितना आएगा खर्च?
स्प्लेंडर को इलेक्ट्रिक बनाने का खर्च मुख्य रूप से बैटरी की क्षमता (रेंज) पर निर्भर करता है. बाजार में मौजूद किट्स के हिसाब से औसत खर्च कुछ इस प्रकार है-
- कन्वर्जन किट की कीमत: ₹35,000 से ₹45,000 (मोटर, कंट्रोलर और फिटिंग).
- बैटरी पैक: ₹40,000 से ₹60,000 (बैटरी की लाइफ और रेंज के अनुसार).
- कुल अनुमानित खर्च: ₹80,000 से ₹1,00,000 के बीच.
परफॉरमेंस और रेंज
अगर आप एक अच्छी क्वालिटी की 2.5kWh से 3kWh की बैटरी लगवाते हैं, तो एक बार चार्ज करने पर स्प्लेंडर लगभग 80 से 120 किलोमीटर की रेंज दे सकती है. इसकी टॉप स्पीड 65-75 किमी/घंटा तक हो सकती है.
क्या ये फायदेमंद है?
आज के समय में पेट्रोल की कीमतें ₹95 के पार हैं. इलेक्ट्रिक स्प्लेंडर चलाने का खर्च महज 15 से 20 पैसे प्रति किलोमीटर आता है. हालांकि, कन्वर्जन का शुरुआती खर्च ₹80,000 से अधिक है, जो कि एक नई इलेक्ट्रिक बाइक की कीमत के करीब है. आप इंजन और अन्य पार्ट्स को 15-20 हजार रुपये तक में बेच भी सकते हैं.
हमारी सलाह: अगर आपकी स्प्लेंडर की कंडीशन (चेसिस और टायर) बहुत अच्छी है और उसका इंजन खराब हो गया है या गाड़ी की वैलिडिटी खत्म होने को है, तो इलेक्ट्रिक कन्वर्जन एक शानदार विकल्प है. लेकिन कन्वर्जन के समय सर्टिफाइड किट ही लगवाएं, ताकि सेफ्टी के साथ-साथ कानूनी पेचीदगियों से बचा जा सके.
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न्यूज़18 हिंदी में सीनियर सब-एडिटर के रूप में कार्यरत राम मोहन मिश्र 2021 से डिजिटल मीडिया में सक्रिय हैं और फिलहाल ऑटो डेस्क संभाल रहे हैं. वे कार और बाइक से जुड़ी जानकारी को आसान, स्पष्ट और भरोसेमंद तरीके से …और पढ़ें