शिवुपरी प्रशासन ने 12 साल की बच्ची की शादी रुकवाई: दोगुनी उम्र के युवक से होना थी; अक्षय तृतीया से पहले अलर्ट – Shivpuri News

शिवुपरी प्रशासन ने 12 साल की बच्ची की शादी रुकवाई:  दोगुनी उम्र के युवक से होना थी; अक्षय तृतीया से पहले अलर्ट – Shivpuri News




शिवपुरी जिले के सुभाषपुरा थाना क्षेत्र अंतर्गत कलोथरा पंचायत के गुनाया गांव में 12 साल 7 माह की नाबालिग बालिका का बाल विवाह प्रशासन ने समय रहते रुकवा दिया। यह विवाह बालिका से लगभग दोगुनी उम्र के युवक से तय किया गया था, जिसकी बारात 19 अप्रैल को ग्वालियर जिले के घाटीगांव से आनी थी। कलेक्टर अर्पित वर्मा को किसी जागरूक व्यक्ति ने सूचना दी कि गुनाया गांव में नाबालिग लड़की का जबरन विवाह कराया जा रहा है। सूचना मिलते ही कलेक्टर ने तत्काल महिला एवं बाल विकास विभाग को कार्रवाई के निर्देश दिए। जिला कार्यक्रम अधिकारी धीरेंद्र सिंह जादौन के निर्देशन में परियोजना अधिकारी अमित यादव, पर्यवेक्षक मंजू धाकड़ और किरण झा, तथा थाना प्रभारी राजीव दुबे सहित पुलिस टीम मौके पर पहुंची। जांच के दौरान दस्तावेजों में बालिका की उम्र केवल 12 वर्ष 7 माह पाई गई। सख्त चेतावनी से माने परिजन
टीम ने परिजनों को बाल विवाह निषेध कानून के प्रावधानों की जानकारी दी और सख्त चेतावनी जारी की। इसके बाद परिजनों ने लिखित में आश्वासन दिया कि वे बेटी की शादी 18 वर्ष की उम्र पूरी होने के बाद ही करेंगे। जिले में अक्षय तृतीया जैसे अवसरों पर बाल विवाह की आशंका को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। कलेक्टर के निर्देश पर एक कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है और पंचायत व विकासखंड स्तर पर निगरानी दल गठित किए गए हैं, जो सभी शादी समारोहों पर नजर रख रहे हैं। लड़की की 18 वर्ष न्यूनतम उम्र जरूरी
कानून के अनुसार, विवाह के लिए लड़के की न्यूनतम उम्र 21 वर्ष और लड़की की 18 वर्ष निर्धारित है। इससे कम उम्र में विवाह करना एक दंडनीय अपराध है, जिसके लिए 3 साल तक की सजा और 1 लाख रुपए तक का जुर्माना हो सकता है। बाल विवाह में सहयोग या प्रोत्साहन देना भी अपराध की श्रेणी में आता है। प्रशासन ने जनता से अपील की कि यदि कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिले तो हेल्पलाइन नंबर 181, 1098 या कंट्रोल रूम नंबर 07492-356963 पर सूचित करें। सूचना देने वाले की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाती है।



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