2 बीमर के बाद भी बच गए कार्तिक त्यागी, जानें अंपायरिंग का वो पेचीदा नियम

2 बीमर के बाद भी बच गए कार्तिक त्यागी, जानें अंपायरिंग का वो पेचीदा नियम


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2 बीमर के बाद भी बच गए कार्तिक त्यागी, जानें अंपायरिंग का वो पेचीदा नियम

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Kartik Tyagi why allowed to bowl despite 2 waist-high full tosses: कार्तिक त्यागी द्वारा दो लगातार ‘वेस्ट-हाई’ नो-बॉल फेंकने के बावजूद अंपायरों ने उन्हें गेंदबाजी से नहीं हटाया, जिससे विवाद खड़ा हो गया. नियमों के मुताबिक दो खतरनाक बीमर पर गेंदबाज को हटा दिया जाता है, लेकिन अंपायरों ने दूसरी गेंद को ‘खतरनाक’ नहीं माना. मैच की अंतिम गेंद पर मोहम्मद शमी के छक्के ने मुकाबला सुपर ओवर में धकेला, जहां केकेआर ने शानदार जीत दर्ज कर लखनऊ को अंक तालिका में सबसे नीचे धकेल दिया.

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क्या अंपायरों ने कार्तिक त्यागी को बचा लिया? दो वेस्ट-हाई फुल टॉस और ‘खतरनाक गेंद’ का वो पेचीदा नियम.

नई दिल्ली. लखनऊ के इकाना स्टेडियम में आईपीएल 2026 में रविवार को वह सब कुछ हुआ जिसने क्रिकेट के नियमों, अंपायरिंग के फैसलों और खिलाड़ियों के जज्बे पर नई बहस छेड़ दी. कोलकाता नाइट राइडर्स और लखनऊ सुपर जायंट्स के बीच खेला गया यह मैच किसी थ्रिलर फिल्म से कम नहीं था. जहां एक तरफ मैच की आखिरी गेंद पर मोहम्मद शमी के छक्के ने मुकाबले को सुपर ओवर में धकेला, वहीं दूसरी तरफ कार्तिक त्यागी के दो ‘बीमर’ (कमर से ऊपर की फुल टॉस) और अंपायरों का उन्हें गेंदबाजी जारी रखने देने का फैसला सबसे बड़ा चर्चा का विषय बन गयाण्

मैच के आखिरी ओवर में लखनऊ को जीत के लिए 17 रनों की दरकार थी और गेंद कार्तिक त्यागी के हाथ में थी. ओवर की दूसरी गेंद (19.2) पर त्यागी ने नियंत्रण खो दिया और हिम्मत सिंह को कमर की ऊंचाई से ऊपर एक तेज फुल टॉस फेंकी. अंपायर ने इसे तुरंत नो-बॉल करार दिया. इसके बाद फ्री-हिट पर त्यागी ने फिर वही गलती दोहराई. एक और ‘वेस्ट-हाई’ फुल टॉस फेंकी गई जिसे हिम्मत सिंह ने हवा में खेला और रोवमैन पॉवेल ने कैच भी पकड़ा, लेकिन नो-बॉल होने के कारण वह आउट नहीं हुए.

क्या अंपायरों ने कार्तिक त्यागी को बचा लिया? दो वेस्ट-हाई फुल टॉस और ‘खतरनाक गेंद’ का वो पेचीदा नियम.

क्रिकेट के सामान्य नियमों के मुताबिक, यदि कोई तेज गेंदबाज एक ही पारी में दो खतरनाक ‘बीमर’ फेंकता है, तो अंपायर उसे तुरंत प्रभाव से गेंदबाजी से हटा देते हैं. मैदान पर मौजूद फैंस, कमेंटेटर और केकेआर का खेमा भी यही सोच रहा था कि अब त्यागी को हटाया जाएगा. लेकिन यहीं पर अंपायरों ने एक चौंकाने वाला फैसला लिया. अंपायरों ने माना कि दूसरी फुल टॉस ‘खतरनाक’ (Dangerous) श्रेणी में नहीं थी, इसलिए त्यागी को अपना ओवर पूरा करने की अनुमति दी गई. इस फैसले पर लखनऊ के फैंस ने काफी नाराजगी जताई, क्योंकि दो लगातार गलतियों के बावजूद गेंदबाज को मैदान पर बने रहने दिया गया.

आखिरी ओवर का सांस रोक देने वाला रोमांच
त्यागी ने अंपायरों के फैसले का फायदा उठाया और अगली कुछ गेंदों पर शानदार वापसी की. फ्री-हिट पर चौका खाने के बाद, त्यागी ने 19.3 ओवर में हिम्मत सिंह को फंसा लिया. रिंकू सिंह ने डीप बैकवर्ड स्क्वायर लेग पर एक बेहद आसान कैच लपका और हिम्मत की जुझारू पारी का अंत किया। अब लखनऊ को 3 गेंदों में 8 रन चाहिए थे. अगली गेंद पर प्रिंस यादव ने बाई का रन लिया, जिससे मोहम्मद शमी स्ट्राइक पर आ गए. अब समीकरण था 2 गेंदों में 7 रन. पांचवीं गेंद त्यागी ने शानदार तरीके से वाइड लेंथ पर डाली, जिस पर शमी पूरी तरह बीट हुए. अब आखिरी गेंद पर लखनऊ को जीत के लिए 7 और सुपर ओवर के लिए 6 रनों की जरूरत थी. त्यागी ने अपनी लाइन मिस की और गेंद सीधे शमी के ‘स्लॉट’ में गिरी। शमी ने कोई गलती नहीं की और लॉन्ग-ऑफ के ऊपर से गगनचुंबी छक्का जड़कर मैच को टाई करा दिया. इकाना स्टेडियम में सन्नाटा छा गया और मैच सुपर ओवर में पहुंच गया.

सुपर ओवर में केकेआर की बादशाहत और फील्डिंग का कमाल
आखिरी ओवर में पिछड़ने के बाद केकेआर ने सुपर ओवर में जबरदस्त वापसी की. सुनील नारायण ने अपनी फिरकी का जादू चलाया और महज 3 गेंदों के भीतर निकोलस पूरन और एडेन मार्कराम को पवेलियन भेज दिया. यहां केकेआर की फील्डिंग ने सबका दिल जीत लिया. एडेन मार्कराम के शॉट पर रोवमैन पॉवेल ने बाउंड्री पर गेंद को हवा में पकड़ा और गिरने से पहले उसे रिंकू सिंह की तरफ उछाल दिया, जिन्होंने कैच पूरा किया. लखनऊ की टीम सुपर ओवर में सिर्फ 1 रन बना सकी. केकेआर के लिए रिंकू सिंह बल्लेबाजी करने आए और पहली ही गेंद पर बाउंड्री लगाकर अपनी टीम को एक यादगार जीत दिला दी.

पॉइंट टेबल में बड़ा बदलाव
इस रोमांचक जीत के साथ कोलकाता नाइट राइडर्स ने अंक तालिका में लंबी छलांग लगाई है. केकेआर अब आखिरी स्थान से ऊपर उठकर 8 मैचों में 5 अंकों के साथ 8वें स्थान पर पहुंच गई है. वहीं, लखनऊ सुपर जायंट्स के लिए यह हार बहुत महंगी साबित हुई. इस हार के बाद लखनऊ की टीम 8 मैचों में 4 अंकों के साथ तालिका में सबसे नीचे यानी 10वें पायदान पर खिसक गई है. यह मैच न केवल खिलाड़ियों के प्रदर्शन के लिए, बल्कि अंपायरिंग के ‘डिस्क्रिशन’ (स्वविवेक) और रिंकू सिंह व पॉवेल की शानदार फील्डिंग के लिए भी याद रखा जाएगा. कार्तिक त्यागी का वह विवादित ओवर और शमी का आखिरी गेंद पर छक्का आईपीएल 2026 के सबसे बेहतरीन पलों में से एक बन गया है.

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Kamlesh Raiचीफ सब एडिटर

कमलेश राय वर्तमान में News18 इंडिया में बतौर चीफ सब-एडिटर कार्यरत हैं. 17 वर्षों से अधिक के अपने सुदीर्घ पत्रकारीय सफर में उन्होंने डिजिटल मीडिया की बारीकियों और खबरों की गहरी समझ के साथ एक विशिष्ट पहचान बनाई ह…और पढ़ें



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