- Hindi News
- Local
- Mp
- Khandwa
- More Than 256 Patients Admitted To 360 bed Kovid Center, The Condition Of The Patients Telling The Guard Here
Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप
खंडवा2 मिनट पहले
- कॉपी लिंक
- भर्ती मरीजों के लिए परिजन को वार्ड से 100 मीटर दूरी पर जाकर बनवानी पड़ रही ओपीडी पर्ची
मेडिकल कॉलेज से संबद्ध जिला अस्पताल का ए-ब्लॉक। यहां कोरोना के संदिग्ध व पॉजिटिव मरीजों के लिए 360 बेड का आइसोलेशन वार्ड है। वार्ड में कोरोना पॉजिटिव व संदिग्ध मरीजों की शनिवार शाम तक संख्या 256 से अधिक थी। मरीजों का हाल जानने के लिए परिजन ए-ब्लॉक के मेन व सेकेंड गेट पर सुबह से लेकर शाम तक खड़े थे, लेकिन उन्हें कोई सटीक जानकारी देने वाला नहीं था। दोनों ही गेट पर डॉक्टर व नर्स की जगह कॉलेज ने गार्ड को जानकारी के लिए बैठा रखा है। गार्ड ही परिजन को मरीजों का हाल बता रहे हैं। इलाज के लिए मरीज को लेकर आने वाले परिजन को ओपीडी पर्ची बनाने के लिए वार्ड से 100 मीटर की दूरी (ट्रामा सेंटर के गेट से मेन रोड से अस्पताल के सांई मंदिर) पर बने ओपीडी काउंटर के दो राउंड लगाने पड़ रहे हैं। क्योंकि ए-ब्लॉक के नीचे काउंटर नहीं बनाया गया है। जबकि अस्पताल परिसर में ही फीवर क्लीनिक पर अलग से ओपीडी काउंटर चल रहा है।
परिजन को हेल्थ बुलेटिन के लिए कोविड केयर सेंटर में हेल्थ डेस्क जरूरी है
डॉक्टर न स्टाफ, यहां गार्ड ही विशेषज्ञ, बीमारी पूछकर कर रहा है इंट्री
स्थान: जिला अस्पताल का ए-ब्लॉक मेनगेट, समय : शनिवार सुबह 11.08 बजे। कोरोना पॉजिटिव व संदिग्ध मरीजों को भर्ती करने परिवार के लोग आ रहे हैं। खंडवा सहित आसपास के जिलों से आए मरीजों के परिजन को इंट्री करने वाला गार्ड वार्ड से लगभग 100 मीटर दूर सांई मंदिर के पास से ओपीडी पर्ची बनाने के लिए कहता है। मरीज को छोड़कर परिजन भटकते हुए ओपीडी काउंटर पहुंचे। यहां लगभग 30 मिनट के इंतजार के बाद ओपीडी पर्ची लेकर पहुंचे लोगों को गार्ड अस्पताल के 17 नंबर कमरे से भर्ती पर्ची बनवाने की सलाह देता है। परिजन दोबारा पुराने भवन के 17 नंबर पहुंचे। इस दौड़भाग में लगभग एक घंटे समय निकलने के बाद मरीज को भर्ती किया जाता है।
गेट पर खड़े मरीज के परिजन से बात करने की बजाय अपनी सुनाते रहे गार्ड
स्थान : जिला अस्पताल का ए-ब्लॉक, सेंकेंड गेट। समय : दोपहर 12.35 बजे। आइसोलेशन वार्ड में भर्ती कोरोना पॉजिटिव व संदिग्ध मरीजों को भोजन सहित अन्य जरूरी सामग्री देने वालों की भीड़ लगी थी। गेट पर खड़े लोग अपने मरीज का हाल जानने के साथ उसके पास तक जरूरी सामान पहुंचाने का इंतजार कर रहे थे। मोबाइल कैमरे से हो रही रिकॉर्डिंग से अनजान गार्ड व कर्मचारी मरीजों के परिजन की सुनने की बजाय अपनी बातों में लगे हुए थे। उन्हें जैसे ही आभास हुआ कि कोई उनकी हरकतों को रिकार्ड कर रहा तो मौके पर खड़े गार्ड मरीजों के परिजन को धमकाने लगे। बोले समझ में नहीं आ रहा क्या? सब लोग डिस्टेंस बनाकर खड़े रहो। लाइन लगाने के बाद लोगों से सामग्री ली।
शुरू करेंगे हेल्प डेस्क, निकाल रहे आदेश
^आइसोलेशन वार्ड में भर्ती मरीजों की जानकारी परिजन को देने के लिए ए-ब्लॉक में हेल्प डेस्क शुरू कर रहे हैं। इसके लिए डॉक्टरों की ड्यूटी के आदेश निकाल रहे हैं। ओपीडी काउंटर चालू करने के लिए सिविल सर्जन से बात करेंगे। – डॉ.अनंत पवार, डीन, मेडिकल कॉलेज