कोरोना के कारण इस बार एमपी में स्टूडेंट्स को घर से परीक्षा देने का मौका दिया गया है.
Bhopal-स्कूल स्टाफ (School) ने कहा बच्चों की पेपर देने की आदत बने इसलिए यह व्यवस्था की गई है. बच्चों को आगे भी परीक्षा देनी है. ऐसे में यह व्यवस्था उनके लिए बिल्कुल ठीक है.
स्टूडेंट्स ने अपने-अपने स्कूलों से स्टूडेंट प्रोटोकॉल का पालन करते हुए 6 पेपर और आंसर शीट लीं. सोशल डिस्टेंस के तहत बच्चों को पेपर और आंसर शीट का सेट दिया गया. भेल के शासकीय महात्मा गांधी स्कूल में स्टूडेंट के लिए अलग से पेपर और आंसर शीट देने की व्यवस्था की गई. इस दौरान टीचर ने सभी को सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए पूरा सेट दिया. आंसर शीट और पेपर के पूरे सेट को सैनिटाइज किया गया.
ईमानदारी से परीक्षा देने का वादा
अगले सप्ताह तक स्कूल में वापस पेपर और आंसर शीट जमा करनी हैं. स्टूडेंट ने कहा हम घर पर भी पूरी ईमानदारी से पेपर देंगे. पहले ऑनलाइन परीक्षा देने की बात कही गई थी लेकिन अब स्टूडेंट स्कूल की जगह अपने घर पर बिना किसी के निगरानी के परीक्षा देंगे.
बच्चों की आदत न बिगड़े इसलिए …
स्कूल स्टाफ ने कहा बच्चों की पेपर देने की आदत बने इसलिए यह व्यवस्था की गई है. बच्चों को आगे भी परीक्षा देनी है. ऐसे में यह व्यवस्था उनके लिए बिल्कुल ठीक है. हालांकि मॉनिटरिंग का कोई सिस्टम नहीं बनाया गया है. लेकिन बच्चों ने साल भर मेहनत की है और उन्हें उन पर भरोसा है कि वह ईमानदारी से परीक्षा देकर अपनी कॉपियां जमा कराएंगे.