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- Fake Number Of Pizza Center Found From Internet, Thugs Sent Link After Booking Cheesy Pizza, 50 Thousand Rupees Were Removed From The Account
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ग्वालियर40 मिनट पहले
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- गुरुवार शाम की घटना, शुक्रवार को क्राइम ब्रांच थाना में हुई FIR
कोरोना कर्फ्यू के बीच ऑनलाइन पिज्जा ऑर्डर करना एक क्रिकेटर को महंगा पड़ा गया। 50 हजार रुपए भी चले गए और पिज्जा भी नहीं मिला। क्रिकेटर विक्रांत सिंह ने इंटरनेट से डोमिनो पिज्जा सेंटर का नंबर निकाला। नंबर पर कॉल करके चीज पिज्जा का ऑर्डर दे दिया। पिज्जा की बुकिंग करने के बाद उसी नंबर से एक लिंक पेमेंट के लिए भेजी गई। लिंक ओपन करते ही एक एप डाउनलोड हुआ और खाते से 50 हजार रुपए निकल गए।
शुक्रवार को क्राइम ब्रांच में शिकायत की गई है। इसके बाद मामला दर्ज किया गया है। ग्वालियर के शिंदे की छावनी निवासी विक्रांत सिंह भदौरिया क्रिकेटर हैं। वह इंडिया के लिए अंडर-19 टीम में खेल चुके हैं। अभी मध्य प्रदेश के लिए विजय हजारे ट्रॉफी में स्टेट टीम के प्लेयर हैं। 15 अप्रैल की शाम उनके साथ यह ठगी हुई। SP राज्य साइबर जोन ग्वालियर सुधीर अग्रवाल पहले भी अलर्ट जारी कर चुके हैं कि यदि किसी कंपनी या फर्म नंबर चाहिए तो सीधे इंटरनेट पर सर्च के बदले उस कंपनी के नाम से बनी वेबसाइट पर सर्च करें। सही नंबर मिलेगा।
गुरुवार से ग्वालियर में कोरोना कर्फ्यू लागू है। होटल और रेस्टोरेंट को सिर्फ होम डिलीवरी की इजाजत है। ऐसे में गुरुवार शाम को विक्रांत ने घर पर पिज्जा मंगाने की सोची। उन्होंने मोबाइल से ही इंटरनेट पर डोमिनो पिज्जा का नंबर सर्च किया। इंटरनेट से एक नंबर उनको एक मिला। उस नंबर पर कॉल किया तो पिज्जा के बारे में बात हुई। 300 रुपए का चीज पिज्जा विक्रांत ने ऑर्डर किया। इसके बाद पेमेंट के लिए पिज्जा की बुकिंग करने वालों ने एक लिंक शेयर की। लिंक ओपन करते ही एक एप डाउनलोड हो गया। इसके बाद उनका मोबाइल अपने आप ही ऑपरेट होने लगा।
उनके खाते से 49996 रुपए निकल गए। जब इतने रुपए निकल गए तो तत्काल विक्रांत को ठगी का अहसास हुआ। उन्होंने अपना खाता ब्लॉक कराया। इसके बाद वह शुक्रवार को क्राइम ब्रांच थाना पहुंचे और मामले की शिकायत की। पुलिस ने इस मामले में ठगी की FIR दर्ज कर ली है।
50 हजार भी गए पिज्जा भी नहीं मिला
विक्रांत को न तो पिज्जा मिला न ही रुपए वापस मिले। इंटरनेट से एक नंबर निकालना उनको महंगा पड़ गया। उन्होंने सोचा नहीं था कि इस तरह भी ठगी हो सकती है।
पुलिस ने समय पर नहीं सुनी
क्रिकेटरविक्रांत सिंह भदौरिया , जिनके साथ ऑनलाइन ठगी हुई।
विक्रांत का ऐसा भी आरोप है कि पुलिस ने समय रहते कार्रवाई नहीं की। क्राइम ब्रांच पहुंचे तो सीधे उनकी सुनवाई नहीं हुई। इसके बाद वह परेशान हो गए। जब एक साथी से एसपी का नंबर लेकर बात की तो क्राइम ब्रांच ने इस मामले में जांच शुरू की। पुलिस चाहती तो समय पर कार्रवाई कर ठगी गई रकम वापस आ सकती थी।