नागपंचमी पर खत्म होती सपेरों की परंपरा और रोजगार: सपेरे बोले- पहले दान-कपड़े मिलते,अब पुश्तैनी पेशा खत्म हुआ; जानिए सपेरों के गांव के हाल – Indore News

नागपंचमी पर कभी कॉलोनियों और मोहल्लों में सुबह-सुबह सपेरों की आवाजें गूंजा करती थीं “नाग को दूध पिलाओ… नाग को…