Indore Coronavius Cases Updates; Kailash Vijayvargiya Speaks To Madhya Pradesh businessmen at Residency Kothi | विजयवर्गीय बोले – शहर को फिर से बंद करने के पक्ष में नहीं, कमलनाथ ने 15 महीनों में इतने मुद्दे दिए, एक-एक विस में 50 हजार वोट से हारेंगे, वे ना अच्छे प्रशासक हैं, ना ही अच्छे वक्ता

Indore Coronavius Cases Updates; Kailash Vijayvargiya Speaks To Madhya Pradesh businessmen at Residency Kothi | विजयवर्गीय बोले – शहर को फिर से बंद करने के पक्ष में नहीं, कमलनाथ ने 15 महीनों में इतने मुद्दे दिए, एक-एक विस में 50 हजार वोट से हारेंगे, वे ना अच्छे प्रशासक हैं, ना ही अच्छे वक्ता


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इंदौर12 मिनट पहले

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विजयवर्गीय ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हर उत्सव मनाए जाने के पक्ष में हूं।

  • विजयवर्गीय बोले – कंगना हो या फिर सुशांत सिंह की बात, महाराष्ट्र सरकार की भूमिका निष्पक्ष नहीं रही, यह दुर्भाग्यपूर्ण
  • इंदौरियों के हिसाब से पर्याप्त व्यवस्था है, लेकिन हमारे यहां इंदौर के अलावा उज्जैन और ग्वालियर से भी मरीज आ रहे

शहर में बढ़ रही कोरोना महामारी को लेकर भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय ने शनिवार को रेसीडेंसी कोठी में व्यापारियों से बात की। विजयवर्गीय ने कहा कि लॉकडाउन करना, दुकानें बंद करना अब इसकी आवश्यकता नहीं है, जरूरी है तो जागरूकता की। हमें इस प्रकार से माइंड को सेट करना होगा कि कोरोना भी रहेगा और हम भी रहेंगे। इसलिए प्रोटोकॉल का पालन करें। इस दौरान उन्होंने कमलनाथ पर जमकर हमला बोला – कहा कमलनाथ ने 15 महीनों में इतने मुद्दे दिए हैं कि एक-एक विधानसभा में 50-50 हजार वोट से हारेंगे। वे ना तो अच्छे प्रशासक हैं, ना ही अच्छे वक्ता। समाज में उनका काेई असर नहीं है।

विजयवर्गीय ने कहा – जरूरी होने पर ही घरों से बाहर निकले। बच्चों और बुजुर्गों के लिए यह वायरस थोड़ा ज्यादा खतरनाक है। अपने जेब में एक नया मास्क रखें। कोई बिना मास्क के दिखे तो उसे तत्काल दे दें। ऐसे ही दुकानदार भी अपनी दुकानों में कुछ मास्क रखें। हम शहर को बंद करने के पक्ष में नहीं हैं। यह शहर व्यापारिक राजधानी है। सारे अस्पतालों में बेड फुल हैं। इंदौर की जनसंख्या के हिसाब से हमारे पास पर्याप्त व्यवस्था है, लेकिन हमारे यहां इंदौर संभाग के अलावा उज्जैन और ग्वालियर से भी मरीज आ रहे हैं। युवा यदि संक्रमित हो जाते हैं तो होम क्वारैंटाइन में रहते हुए इलाज करवाएं।

कमलनाथ का समाज के ऊपर कोई असर नहीं

कमलनाथ के दौरे को कहा कि वे कोई अच्छे वक्ता नहीं हैं, अच्छे प्रशासक नहीं हैं। अच्छे व्यापारी जरूर हैं, लेकिन सांवेर ऐसी जगह नहीं जहां वे व्यापार करें। वोट खरीदने बचने आएं हों तो बात दूसरी है। कमलनाथ का समाज के ऊपर कोई असर नहीं है। कमलनाथ ने शासन द्वारा जमा की जाने वाली बीमा राशि जमा ही नहीं की थी। उससे कम से कम तीन- चार हजार करोड़ का किसानों का नुकसान होता। शिवराज ने आते ही बीमा राशि जमा कर दी तो किसानों को चार हजार करोड़ रुपए मिल गए।

कमलनाथ सरकार तो कन्यादान योजना के रुपए खा गई

सांवेर विधानसभा उपचुनाव में मुद्दों को लेकर कहा कि कमलनाथ ने 15 महीनों में इतने मुद्दे दिए हैं कि एक-एक विधानसभा में 50-50 हजार वोट से हारेंगे। सबसे बड़ा मुद्दा वादा खिलाफी वाली सरकार थी, कर्जमाफी नहीं हुई, बेरोजगारी भत्ता नहीं दिया गया। कन्यादान योजना के रुपए सरकार खा गई। विजयवर्गीय ने कहा कि चावल घोटाले को लेकर कहा कि महू में जो पकड़ाया है। वह कांग्रेस पदाधिकारी का खास है। कांग्रेसी इस प्रकार के घोटाले कर रहे हैं। उसने करीब 300 करोड़ के अनाज का घोटाला किया है। कांग्रेस जो सूची जारी कर रही है वह हारने वाले उम्मीदवारों की है। 15 अभी जारी कर दी है। बचे हुए भी हारने वाले उम्मीदवारों की सूची जारी करेगी।

ऑक्सीजन की कमी नहीं

ऑक्सीजन को लेकर कहा कि केंद्र ने भी स्पष्ट कर दिया है कि किसी भी प्रदेश में ऑक्सीजन की कमी नहीं होनी चाहिए। विजयवर्गीय ने कहा कि हमारे यहां भव्य उत्सव होते थे, लेकिन इस बार सभी ने उसके स्वरूप को छोटा किया। मैं उत्सव और परंपरा के समाप्त होने का पक्षधर नहीं हूं। नवरात्रि आ रही है तो दुर्गा जी बैठें और आरती हो। इसके बाद अपने-अपने घर जाएं। गरबे नहीं हों।

महाराष्ट्र सरकार की भूमिका निष्पक्ष नहीं रही

महाराष्ट्र सरकार को लेकर कहा कि कोरोना उसने संभल नहीं रहा है तो नए-नए मुद्दे सरकार निकाल रही है। ऐसे समय में ताे उन्हें बचना चाहिए। कंगना हो या फिर सुशांत सिंह की बात, महाराष्ट्र सरकार की भूमिका निष्पक्ष नहीं रही, यह दुर्भाग्यपूर्ण है। राजनीतिक आयोजनों पर सोशल डिस्टेंसिंग टूटने की बात को लेकर कहा कि चुनाव आयोग ने जो गाइड लाइन जारी की है, सभी राजनीतिक दलों को उसका पालन करना चाहिए।

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