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भिंडएक दिन पहले
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ग्वालियर हाईकोर्ट (फाइल फोटो)
शहर में उड़ रहे धूल के गुबारों को लेकर ग्वालियर हाईकोर्ट ने भिंड कलेक्टर से चार सप्ताह में रिपोर्ट मांगी है। साथ इस संबंध में नगरीय प्रशासन विभाग के प्रमुख सचिव, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष, भिंड कलेक्टर और नगरपालिका सीएमओ भिंड को नोटिस जारी किए गए हैं।
दरअसल शहर में अमृत योजना के तहत बिछाई जा रही पानी की पाइप लाइन और सीवरेज लाइन के लिए सड़कें खोद दिए जाने से धूल की समस्या बहुत अधिक बढ़ गई। वहीं इन दोनों प्रोजेक्ट को चलते हुए डेढ़ साल से अधिक समय बीत गया है। ऐसे में धूल मिट्टी के कारण जहां लोगों के स्वास्थ्य पर विपरीत असर पड़ रहा है। वहीं लोगों को सांस लेना मुश्किल हो रहा है।
ऐसे में शहर के एडवोकेट मुकेश जैन ने अपने मित्र एडवोकेट संजय सिंह लोधी के माध्यम से ग्वालियर हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका दायर की थी। इस याचिका में नगरीय प्रशासन विभाग के प्रमुख सचिव, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष, भिंड कलेक्टर और नगरपालिका सीएमओ भिंड को पार्टी बनाया गया था। हाईकोर्ट की डबल बेंच ने इस याचिका को स्वीकार करते हुए जहां नगरीय प्रशासन विभाग के प्रमुख सचिव, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष, भिंड कलेक्टर और नगरपालिका सीएमओ भिंड को नोटिस जारी किए हैं। वहीं भिंड कलेक्टर से इस संबंध में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। अब इस मामले में अगली सुनवाई 4 जनवरी को होगी।