- Hindi News
- Local
- Mp
- Farm Bill 2020; Madhya Pradesh BJP President Vishnu Datt Sharma On Congress Over Swaminathan Commission Report
Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप
भोपाल38 मिनट पहले
- कॉपी लिंक
कृषि कानूनों को लेकर बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने प्रेस से बात की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस व वामपंथी किसानों को भ्रमित कर रहे हैं।
- कहा, किसान आंदोलन की आड़ में अवार्ड लौटाना देश में अस्थिरता लाने की कोशिश
बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा ने आरोप लगाया है कि कृषि कानूनों को लेकर विपक्षी दल वामपंथी और कांग्रेस किसानों को भ्रमित कर रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस से सवाल पूछा है कि स्वामीनाथन आयोग की रिपोर्ट क्यों लागू नहीं की गई? उस रिपोर्ट के अधिकांश सुझावों को मोदी सरकार ने कृषि बिल में शामिल किए हैं।
उन्होंने आरोप लगाया है कि किसान आंदोलन की आड़ में अवार्ड लौटा कर कुछ लोग देश में अस्थिरता लाने की कोशिश कर रहे हैं। किसान आंदोलन से अवार्ड वापसी का क्या संबंध है? उन्होंने कहा कि धारा 370 से दिग्विजय सिंह का क्या संबंध है? उन्होंने कहा कि ये सिर्फ इसलिए 370 हटाने का विरोध करते रहे हैं, क्योंकि इन्हें कश्मीर में आतंकवाद को बनाए रखने के लिए धारा 370 का होना जरूरी लगता है।
कृषि कानूनों को लेकर बीजेपी 15 व 16 दिसंबर को प्रदेश के 7 जिलों में किसान सम्मेलन आयोजित कर रही है। प्रदेश अध्यक्ष ने इसकी जानकारी देने के लिए प्रेस से बातचीत की। उन्होंने कहा कि इस कानून के जरिए किसान पूरी तरह आत्मनिर्भर बनेंगे। नरेंद्र मोदी ने प्रधानमंत्री बनते ही किसानों की आय दोगुनी करने का संकल्प लिया था।
खत्म होगी कृषि व्यवसाय से अनिश्चितता
शर्मा ने कहा कि कांग्रेस और अन्य दलों के लोग एमएसपी को लेकर भ्रम फैला रहे हैं, जबकि केंद्र सरकार कई बार यह स्पष्ट कर चुकी है कि एमएसपी लागू रहेगी। ये भ्रम फैला रहे हैं कि मंडियां खत्म हो जाएंगी, जबकि नए कानूनों में मंडियों के आधुनिकीकरण की बात है। उन्होंने कहा कि कांट्रेक्ट फॉर्मिंग में किसान पहले ही अपनी उपज की कीमत तय कर सकेगा और कृषि व्यवसाय से अनिश्चितता खत्म होगी। संबंधित कानून में किसान की भूमि से कुछ भी छेड़छाड़ करने की अनुमति नहीं है।
शर्मा ने कहा कि मध्यप्रदेश किसानों के लिए एक वेलफेयर स्टेट के रूप में उभरा है। यहां सरकार ने किसानों को बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने का काम किया है। 2003 में यहां सिर्फ 7 लाख हेक्टेयर में सिंचाई होती थी, जिसे भाजपा सरकार ने 40 लाख हेक्टेयर तक पहुंचाया है। सिंचाई के लिए पर्याप्त बिजली मिल रही है।