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इंदौर3 मिनट पहले
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निगमकर्मी विशाल ने थाने में मामले की शिकायत भी दर्ज करवाई है।
निगम के कर्मचारी हैं कि मानते नहीं। पहले बुजुर्गों के साथ अमानवीय हरकत। अब नया मामला सामने आया है मारपीट का। विवाद किसी बाहरी के साथ नहीं बल्कि निगमकर्मियों के बीच ही हुआ है। निगम के एक इंजीनियर अब बेसबॉल के बैटधारी हो गए हैं। इंजीनियर पर उनके ही एक अधीनस्थ ने बेसबॉल के बैट से पीटने का आरोप लगाया है। मामले की शिकायत कर्मचारी ने पुलिस को भी की ह कर्मचारी द्वारिकापुरी थाने भी पहुंचा। मामले में यादव से बात करनी चाही तो उनका फोन लगातार व्यस्त बताता रहा।

विशाल के गले में भी खरोच के निशान हैं।
हवा बंगला स्थित जाेन 14 में कंप्यूटर ऑपरेटर के पर पर पदस्थ विशाल लाड़ का आराेप है कि उनके साथ नगर निगम के सहायक यंत्री नर्मदा विभाग शिवराज यादव ने मारपीट की है। काम को लेकर पहले यादव ने बहस की, फिर बेसबॉल के डंडे से पीटा। कर्मचारी के चेहरे और पीठ में खरोंच के निशान भी हैं। पता चला है कि यादव पहले भी अपने मातहतों के साथ ऐसी हरकत कर चुके हैं।
पीड़ित विशाल लाड़ का कहना है कि यादव काम को लेकर बहस कर रहे थे। मैंने बहस करने से मना किया तो उन्होंने बेसबॉल के डंडे से मारा। हमारे सहकर्मियों ने बचाव किया तो उन्होंने उनके साथ भी झूमाझटकी की। वैक्सीनेशन संबंधी सभी कर्मचारियों की जानकारी तैयार की जा रही थी। जिस दिन यह महत्वपूर्ण जानकारी जमा करनी थी, सर अवकाश पर थे। हमने उन्हें कहा कि सर अपने हमारा फोन नहीं उठाया था। इस पर उन्होंने कहा कि मुझे काम मत सिखा। मुझे जितना काम आता है, यहां के किसी व्यक्ति को उतना काम नहीं आता। वे लगातार बहस करते रहे। उन्होंने मुझे दूसरे अधिकारियों को भी कॉल नहीं करने दिया।

ऑफिस में यादव और विशाल के बीच बहस हुई थी।
वहीं, सहकर्मी रवि पटेल ने बताया कि यादव ने विशाल के साथ मारपीट की है। वे आए दिन हमें सेवा समाप्ति के नाम पर धमकाते हैं। वे हमेशा गालियां देते रहते हैं। वे पूरे ऑफिस में बेसबॉल का बैट लेकर घूम रहे थे। किसी ना किसी चीज के नाम पर प्रेशर बनाते हैं।
हां मारपीट का मामला सामने आया है
नर्मदा परियोजना के कार्यपालन यंत्री संजीव श्रीवास्तव ने बताया कि शिकायत मिली थी कि जोन 14 के प्रभारी सहायक यंत्री शिवराज यादव ने अपने अधीनस्थ कंप्यूटर ऑपरेटर के साथ मारपीट की है। मामले में जेडओ सतीश गुप्ता को मामले की जांच के लिए भेजा गया है। वे सभी के बयान लेकर जांच रिपोर्ट बनाएंगे। यादव को लेकर दो साल पहले भी ऐसा ही एक मामला अाया था। हालांकि बाद में वे बरी हो गए थे।