तनाव में फांसी लगाकर दी जान: लॉकडाउन में काम छूटने के बाद हो गया था कर्जा, फांसी लगाकर दे दी जान

तनाव में फांसी लगाकर दी जान: लॉकडाउन में काम छूटने के बाद हो गया था कर्जा, फांसी लगाकर दे दी जान


Ads से है परेशान? बिना Ads खबरों के लिए इनस्टॉल करें दैनिक भास्कर ऐप

ग्वालियर10 मिनट पहले

  • कॉपी लिंक

पोस्टमार्टम हाउस के बाहर खड़े मृतक के साथी, किसी को भी यकीन नहीं हो रहा है कि उसने यह कदम क्यों उठा लिया है

  • लोहामंडी ग्वालियर में सोमवार-मंगलवार दरमियानी रात की घटना
  • मंगलवार दोपहर हुआ पोस्टमार्टम

एक युवक ने फांसी लगाकर जान दे दी है। घटना सोमवार-मंगलवार दरमियानी रात लोहामंडी ग्वालियर की है। घटना का पता मंगलवार सुबह चला। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने शव को निगरानी में लेकर मंगलवार दोपहर पोस्टमार्टम कराया है। पता लगा है कि मृतक का लॉकडाउन में काम छूट गया था। जिस कारण उस पर कुछ कर्जा हो गया था। युवक ने उसी कर्ज के चलते तनाव में आकर जान दी है।

ग्वालियर थाना क्षेत्र के लोहामण्डी निवासी 25 वर्षीय सुमित निबजा पुत्र अजय कुमार निबजा काफी समय से तनाव में चल रहा था। सोमवार रात बाजार से घर लौटकर आया। परिवार के सदस्यों के साथ खाना खाया और अपने रूम में सोने चला गया। मंगलवार सुबह जब काफी देर तक वह अपने कमरे से बाहर नहीं आया तो परिजन उसे जगाने पहुंचे। जब परिजन अंदर उसके रूम में पहुंचे तो सुमित फांसी के फंदे पर लटका हुआ था। उसे फंदे पर लटका देखकर परिजन ने फंदा काट कर नीचे उतारा। पर उस समय तक काफी देर हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलते ही ग्वालियर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को निगरानी में लेकर मर्ग कायम कर लिया है। मंगलवार को पोस्टमार्टम कराने के बाद शव परिजन के सुपुर्द कर दिया गया है।

डिप्रेशन का था शिकार

पता लगा है कि सुमित अभी एक निजी फर्म में काम कर रहा है। इससे पहले वह जिस कंपनी में काम करता था वहां से उसे लॉकडाउन के टाइम पर निकाल दिया था। इसके बाद कंपनी ने उसे वापस काम पर नहीं रखा। लॉकडाउन में बेरोजगारी के दौरान उसने कुछ रुपए उधार ले रखे थे। जिसे वह पटा नहीं सका। लगातार बढ़ते कर्ज से वह डिप्रेशन में रहने लगा था। अभी तक यही उसके खुदकुशी के पीछे का कारण माना जा रहा है।

खबरें और भी हैं…



Source link