खुशखबरी: दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे अभी कुछ महीने और टोल फ्री रहेगा, जानें NHAI ने क्या कहा..

खुशखबरी: दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे अभी कुछ महीने और टोल फ्री रहेगा, जानें NHAI ने क्या कहा..


Good news: Delhi-Meerut Express will be toll free for a few months, know what NHAI said ..






















































दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे पर फिलहाल नहीं वसूला जाएगा टोल टैक्स.

Delhi Meerut Express : 82 किमी लंबे इस एक्सप्रेस वे को कुल 68,346 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किया गया है. वहीं सुविधाओं की बात करें तो इस एक्सप्रेस वे पर एम्बुलेंस, क्रेन, पेट्रोल पंप, रेस्तरां, वाहनों के रखरखाव की दुकान जैसी आधुनिक सुविधाएं दी गई है. इसके साथ ही इस एक्सप्रेस वे पर साइकिल चालकों और पैदल यात्रियों के लिए अलग से लेन बनाया गया है.

नई दिल्ली. दिल्ली-मेरठ एक्सप्रेस वे से गुजरने वाले राहगीरों के लिए राहत की खबर है. NHAI के अनुसार अभी कुछ महीने और इस एक्सप्रेस वे पर टोल टैक्स नहीं वसूला जाएगा. आपको बता दें 82 किमी लंबे इस एक्सप्रेस वे का उद्घाटन 1 अप्रैल को केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने किया था. जिसके बाद से ही इस एक्सप्रेस वे को आम लोगों के लिए खोल दिया गया. लेकिन अभी तक टोल टैक्स की दर निर्धारित नहीं होने की वजह से इस एक्सप्रेस वे पर टोल नहीं वसूला जा रहा है. जिसके चलते आने वाले कुछ महीनों में भी वाहन चालक बिना टोल दिए इस एक्सप्रेस वे से आसानी से गुजर सकते हैं. देश का पहला ANPR वाला एक्सप्रेस-वे – दिल्ली-मेरठ के बीच बना ये 82 किमी का एक्सप्रेस-वे देश का पहला ऐसा स्मार्ट एक्सप्रेस वे है जिस पर ऑटोमेटिक नंबर प्लेट रिकॉग्निशन (ANPR) और FasTag आधारित मल्टी लेन फ्री फ्लो टोलिंग बनाया गया है. जिससे इस एक्सप्रेस वे से गुजरने वाले वाहनों बिना रुके ही हाईटेक कैमरों की मदद से अपने टोल का भुगतान करें एक ही स्पीड में दिल्ली से मेरठ तक का सफर पूरा कर सकेंगे. यह भी पढ़ें: Honda ने अपनी H’Ness CB 350 बाइक की कीमत बढ़ाई, जानिए इसकी नई प्राइस NHAI बने ANPR का टेस्ट पूरा किया – NHAI ने स्वचालित नंबर प्लेट रीडर टेक्नोलॉजी का परीक्षण पूरा कर लिया है. NHAI के अनुसार इस प्रणाली का परीक्षण पूरे एक महीने किया गया है. वहीं NHAI के परियोजना निदेशक मुदित गर्ग ने बताया कि, फिलहाल इस एक्सप्रेस वे पर टोल वसूली करना मुश्किल है. क्योंकि अभी तक टोल की दरों का निर्धारण नहीं हुआ है. जिसमें करीब दो महीने का समय लग सकता है. वहीं उन्होंने कहा कि, जुलाई से इस एक्सप्रेस वे पर टोल की वसूली संभव हो सकती है.1 अप्रैल से इतने वाहन गुजरे इस एक्सप्रेस वे पर – NHAI के अनुसार 1 अप्रैल से इस एक्सप्रेस वे पर अभी तक 55 लाख वाहन गुजर चुके है. NHAI के अनुसार स्वाचालित नंबर प्लेट रीडर सिस्टम के माध्यम से इन वाहनों को ट्रेस किया गया था. जिसका पूरा विवरण NHAI के पास मौजूद है. यह भी पढ़ें: मारुति सुजुकी की Baleno, Vitara Brezza और Swift कारों पर मिल रही है शानदार छूट, जानें डिटेल कैसा है ये स्मार्ट एक्सप्रेस वे – 82 किमी लंबे इस एक्सप्रेस वे को कुल 68,346 करोड़ रुपये की लागत से विकसित किया गया है. वहीं सुविधाओं की बात करें तो इस एक्सप्रेस वे पर एम्बुलेंस, क्रेन, पेट्रोल पंप, रेस्तरां, वाहनों के रखरखाव की दुकान जैसी आधुनिक सुविधाएं दी गई है. इसके साथ ही इस एक्सप्रेस वे पर साइकिल चालकों और पैदल यात्रियों के लिए अलग से लेन बनाया गया है.





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