मोहब्बत का पान: बनारसी, मगही, सांची, कपूरी जैसे पान तो आपने खूब खाए होंगे, लेकिन क्या कभी उस पान का स्वाद चखा है जिसे ‘मोहब्बत का पान’ कहा जाता है? रीवा के अमहिया गल्ला मंडी रोड पर स्थित केसरवानी पान दुकान पर मिलने वाला यह पान सिर्फ स्वाद नहीं, एक अनुभव है जो दिल तक उतर जाता है.
गुटखा छोड़ने वालों के लिए वरदान
दुकान के संचालक श्रीनिवास गुप्ता दावा करते हैं कि यह पान खासतौर पर उन लोगों के लिए है जो गुटखा छोड़ना चाहते हैं. इसका स्वाद इतना खास होता है कि इसे खाने के बाद गुटखे की याद भी नहीं आती. यही वजह है कि यह पान गुटखे की लत छुड़ाने वालों में तेजी से लोकप्रिय हो रहा है.
कैसे बनता है यह मोहब्बत वाला पान?
इस पान की रेसिपी भी उतनी ही अनोखी है जितना इसका नाम.
फिर उसमें हल्की चासनी, इलायची और किचन में मौजूद मसाले मिलाए जाते हैं.
यह पान खाने में इतना मीठा और ठंडक भरा होता है कि लोग दूर-दूर से इसे खाने आते हैं.
जहां गुटखा शरीर के लिए हानिकारक है, वहीं यह मोहब्बत वाला पान पूरी तरह सुरक्षित है. यह पान न केवल मुखवास का काम करता है बल्कि पाचन के लिए भी फायदेमंद है.