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Chhatarpur News: आशा गुप्ता ने लोकल 18 से कहा कि वर्तमान में बेटियों को बहुत बहलाया-फुसलाया जा रहा है. वो गलत दिशा में जा रही हैं. उन्होंने अपनी किताब में इसका जिक्र किया है और उनकी सुरक्षा को लेकर बात की है.
आशा गुप्ता ने लोकल 18 से बातचीत में बताया कि उनका जन्म छत्तीसगढ़ के कांकेर में हुआ था. उनके पिता सिंचाई विभाग में इंजीनियर थे. राजनांदगांव में उनके भाई अभी भी रहते हैं. उनकी शादी मध्य प्रदेश के छतरपुर जिले में हुई है. शादी के बाद तो वह लिखना भूल गई थीं, फिर छत्तीसगढ़ के फ्रेंड सर्कल ने एक ग्रुप बनाया और उसमें उन्हें जोड़ा. फ्रेंड्स ने कहा कि फिर से लिखो, तो उन्होंने साल 2018 में एक बार फिर से लिखना शुरू किया और अभी तक चार किताबें लिख दी हैं और पांचवीं किताब लिखने की तैयारी शुरू कर दी है.
किताब में बेटियों की सुरक्षा का जिक्र
आशा गुप्ता ने आगे कहा कि आज समाज में बेटियों को बहुत बहलाया-फुसलाया जा रहा है. बेटियां गलत दिशा में जा रही हैं. इसको लेकर भी उन्होंने अपनी किताब में लिखा है ताकि बेटियों की सुरक्षा हो और वो खुद ही समझदार हो जाएं और जान सकें कि उनके लिए क्या सही है और क्या गलत है. इसके अलावा उन्होंने कोरोना काल, पर्यावरण, दहेज प्रथा और माता-पिता को लेकर पर भी लिखा है.