सेहत और बजट…दोनों के लिए फायदेमंद
किचन गार्डनिंग से आपको रोजाना ताजी सब्जियां मिलती हैं, जिससे सेहत पर सकारात्मक असर पड़ता है. सबसे बड़ी बात बाजार से सब्जी खरीदने की जरूरत नहीं, जिससे हर महीने हजारों रुपए तक की बचत संभव है. साथ ही, किचन से निकलने वाला वेस्ट (जैसे छिलके और बची सब्जी) को खाद के रूप में उपयोग कर सकते हैं, जिससे मिट्टी की उर्वरता भी बनी रहती है.
अगर आपके पास छत पर थोड़ी भी खाली जगह है, तो वहां लौकी, तुरई, गिलकी, भिंडी, बैगन और पत्तेदार भाजी (पालक, मेथी, धनिया) जैसी फसलें आसानी से उगाई जा सकती हैं. इन सब्जियों का इस्तेमाल आप खुद कर सकते हैं या अधिक उत्पादन होने पर बेचकर अतिरिक्त आमदनी भी कर सकते हैं.
एक्सपर्ट की राय: छत को बनाएं मिनी फार्म
सागर जिले के उद्यानिकी विभाग के उपसंचालक डॉ. पी.एस. बडोले बताते हैं कि आजकल अधिकांश लोग दो तरह की गार्डनिंग करते हैं…
सजावटी फूलों की गार्डनिंग
क्या लगाएं और कैसे रखें देखभाल?
डॉ. बडोले सलाह देते हैं कि फूलों के साथ-साथ नींबू, सहजन (ड्रमस्टिक), और तुलसी जैसे पौधे भी जरूर लगाएं क्योंकि ये पोषण से भरपूर होते हैं. हर 15 दिन में घास की कटाई करें और समय-समय पर ऑर्गेनिक खाद डालते रहें ताकि पौधों को पोषण मिलता रहे. इससे फसल की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों बेहतर होते हैं.