नीमच में देहदान करने पर पहली बार मिला राजकीय सम्मान: गार्ड ऑफ ऑनर दिया, चंद्रशेखर नागदा ने 10 साल पहले देहदान करने की घोषणा की थी – Neemuch News

नीमच में देहदान करने पर पहली बार मिला राजकीय सम्मान:  गार्ड ऑफ ऑनर दिया, चंद्रशेखर नागदा ने 10 साल पहले देहदान करने की घोषणा की थी – Neemuch News


नीमच के हिंगोरिया गांव के 61 साल के चंद्रशेखर नागदा का निधन हो गया है। उनके परिवार ने उनकी इच्छानुसार देहदान किया। चंद्रशेखर ने 10 साल पहले ही घोषणा कर दी थी कि उनके निधन के बाद उनका शरीर हेल्थ साइंस के काम आए।

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उनकी यह सोच परिवार के लिए प्रेरणा बनी। उनकी बेटी स्वास्थ्य विभाग में कार्यरत हैं। उन्होंने पिता की इस सोच को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया

उनकी अंतिम यात्रा हिंगोरिया से शुरू होकर नीमच के मेडिकल कॉलेज तक पहुंची। मुख्यमंत्री के आदेश का पालन करते हुए देहदान से पहले उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। साथ ही सलामी भी दी गई।

चंद्रशेखर नागदा का 61 साल की उम्र में निधन हुआ है।

नीमच में पहली बार देहदान पर हुआ राजकीय सम्मान

यह नीमच जिले में पहला अवसर था जब किसी देहदान करने वाले व्यक्ति को इस तरह का राजकीय सम्मान मिला। मुख्यमंत्री ने देहदान की परंपरा को बढ़ावा देने के लिए यह आदेश जारी किया था। यह समाज में देहदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने की दिशा में एक कदम है।

मेडिकल कॉलेज को मिला छठा देहदान

चंद्रशेखर नागदा का देहदान नीमच के मेडिकल कॉलेज को मिला छठा देहदान है। इस भावुक क्षण पर लायंस क्लब के पदाधिकारियों, परिवार के सदस्यों और रिश्तेदारों ने नम आंखों से उन्हें विदाई दी।

उनका यह महान कार्य हमेशा याद किया जाएगा। यह न सिर्फ मेडिकल छात्रों के लिए ज्ञान का स्रोत बनेगा, बल्कि दूसरों को भी इस नेक कार्य के लिए प्रेरित करेगा।

अंतिम यात्रा हिंगोरिया से शुरू होकर नीमच के मेडिकल कॉलेज तक पहुंची।

अंतिम यात्रा हिंगोरिया से शुरू होकर नीमच के मेडिकल कॉलेज तक पहुंची।

इस दौरान मेडिकल विभाग के कर्मचारी और पुलिसकर्मी मौजूद रहे।

इस दौरान मेडिकल विभाग के कर्मचारी और पुलिसकर्मी मौजूद रहे।



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