250 साल पुराने मंदिर में भगवान धनवंतरि का जड़ी-बूटियों से अभिषेक, डॉक्टर-मरीज दवा लेकर पहुंचे, अनोखी मान्यता

250 साल पुराने मंदिर में भगवान धनवंतरि का जड़ी-बूटियों से अभिषेक, डॉक्टर-मरीज दवा लेकर पहुंचे, अनोखी मान्यता


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Indore Dhanvantari Mandir: इंदौर के आड़ा बाजार में 250 साल पुराने मंदिर में धनतेरस पर भगवान धन्वंतरि का जड़ी बूटियों से अभिषेक होता है. आयुर्वेदिक डॉक्टर भी दवाएं अर्पित करते हैं. यहां की मान्यता अनोखी है.

Indore News: धनतेरस पर भगवान धन्वंतरि की पूजा की पूजा का विधान है. इस दिन लोग निरोगी काया की कामना भी करते हैं. इंदौर के आड़ा बाजार में एक ऐसा मंदिर है, जहां भगवान धन्वंतरि का जड़ी बूटियां से अभिषेक किया जाता है. धनतेरस पर विधिवत पूजा होती है. मंदिर के पुजारी मानवेंद्र त्रिवेदी ने बताया कि मंदिर करीब 250 साल पुराना है. होलकर राजवंश के समय राजा भी धनतेरस पर भगवान धन्वंतरि की पूजा करते थे. उसके बाद दिन की शुरुआत करते थे.

शहर के आयुर्वेदिक डॉक्टर भी यहां आकर भगवान के चरणों में अपनी दवा और जड़ी बूटियां रखते हैं. उन्हें सिद्ध करते हैं. डॉक्टर का मानना है कि ऐसा करने से जड़ी-बूटी में दिव्य शक्ति आती हैं. मरीज जल्दी ठीक हो जाते हैं. पूजारी ने बताया कि कई लोग जिनकी बाईपास सर्जरी हुई है, कैंसर है, ऐसे लोग यहां आकर मानता करके जाते हैं. जब मान्यता पूरी हो जाती है तब फिर भगवान धन्वंतरि का शुक्रिया करने आते हैं.

मरीज दवा लेकर आते हैं…
पुजारी ने आगे बताया, धनतेरस के दिन यहां भगवान धन्वंतरि का जड़ी बूटियां के रस, पंचामृत व फलों के रस से अभिषेक किया गया. वहीं, प्रसाद भी जड़ियां मिलाकर दिया जाता है. यहां मरीज आकर केवल मानता ही नहीं मांगते, बल्कि अपनी दवाइयां भगवान के चरणों में अर्पित करते हैं. जब ठीक हो जाते हैं तब भगवान का धन्यवाद देने आते हैं.

कौन हैं भगवान धन्वंतरि 
पुजारी जी के अनुसार, भगवान धन्वंतरि को देवताओं का चिकित्सक और आयुर्वेद का जनक माना जाता है. पौराणिक कथाओं के अनुसार, समुद्र मंथन के दौरान भगवान धन्वंतरि प्रकट हुए थे. देवताओं और राक्षसों के बीच हुए समुद्र मंथन के दौरान वही स्वर्ण कलश लेकर 14 रतन के साथ प्रकट हुए थे. उस कलश में अमृत था. इसलिए भगवान धन्वंतरि को केवल निरोगी काया के लिए ही नहीं, बल्कि अमरता प्रदान करने वाला भी माना जाता है.

Rishi mishra

एक दशक से अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय. प्रिंट मीडिया से शुरुआत. साल 2023 से न्यूज 18 हिंदी के साथ डिजिटल सफर की शुरुआत. न्यूज 18 के पहले दैनिक जागरण, अमर उजाला में रिपोर्टिंग और डेस्क पर कार्य का अनुभव. म…और पढ़ें

एक दशक से अधिक समय से पत्रकारिता में सक्रिय. प्रिंट मीडिया से शुरुआत. साल 2023 से न्यूज 18 हिंदी के साथ डिजिटल सफर की शुरुआत. न्यूज 18 के पहले दैनिक जागरण, अमर उजाला में रिपोर्टिंग और डेस्क पर कार्य का अनुभव. म… और पढ़ें

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यहां भगवान धनवंतरि का जड़ी-बूटियों से अभिषेक, डॉक्टर-मरीज दवा लेकर पहुंचे



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