कलेक्टरों की वीसी में नाराज हुए सीईओ एमपी इलेक्शन: बिहार में हर वोटर से लिए थे, एमपी में 2003 की डिटेल न दे पाने देने होंगे डॉक्यूमेंट – Bhopal News

कलेक्टरों की वीसी में नाराज हुए सीईओ एमपी इलेक्शन:  बिहार में हर वोटर से लिए थे, एमपी में 2003 की डिटेल न दे पाने देने होंगे डॉक्यूमेंट – Bhopal News



मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजीव झा और संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी आरपीएस जादौन।

एमपी में वोटर एसआईआर की प्रक्रिया में बिहार की तर्ज पर हर मतदाता से डॉक्यूमेंट नहीं मांगे जाएंगे। इसके लिए जरूरी दस्तावेज सिर्फ उन्हीं मतदाताओं से लिए जाएंगे जो 2003 के एसआईआर के आधार पर गणना पत्रक में मांगी गई जानकारी नहीं दे पाएंगे।

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प्रदेश में एसआईआर की प्रक्रिया शुरू होने के बाद मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कलेक्टरों और संभागायुक्तों से कहा है कि चुनाव आयोग द्वारा इसको लेकर तय गाइडलाइन का सख्ती से पालन कराना है। वीडियो कांफ्रेंसिंग से हुई मीटिंग में सीईओ ने कुछ कलेक्टरों पर नाराजगी भी जताई है और कहा कि नहीं सुधरे तो आयोग सीधे बात करेगा जो हम नहीं चाहते हैं।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजीव झा और संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी आरपीएस जादौन ने बुधवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए कलेक्टरों और संभागायुक्तों के साथ एसआईआर को लेकर चर्चा की। इस दौरान फील्ड के अफसरों को ट्रेनिंग दी गई कि किस तरह से चुनाव आयोग के निर्देशों का पालन कराना है और एसआईआर की प्रोसेस पर बारीकी से कार्यवाही करानी है। कलेक्टरों से कहा गया है कि वे बीएलओ को घर-घर भेजने और टाइम लाइन का पालन करते हुए एसआईआर कराने में किसी भी तरह की कोताही न बरतें।

कलेक्टरों पर भड़के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी

वीडियो कांफ्रेंसिंग के दौरान मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी संजीव झा ने टेबल टॉप एक्सरसाइज में गंभीरता नहीं बरतने पर कलेक्टरों से नाराजगी जताई है। झा ने कुछ कलेक्टरों द्वारा निर्देशों को लेकर गंभीरता न दिखाए जाने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि जहां आप हैं, वहां हम रह चुके है। अगर गंभीरता नहीं बरते तो कार्रवाई होगी। इस पर आयोग सीधे बात करेगा, जो हम नहीं चाहते। उन्होंने भोपाल की सबसे कमजोर मैचिंग पर भी नाराजगी जताई और कलेक्टर से इसका कारण पूछा। भिंड की मैचिंग सबसे बेहतर होने पर की प्रशंसा गई। उन्होंने यह पूछा कि ऐसा बेहतर काम किया। झा ने गणना पत्रक अच्छे से नहीं पढ़ने पर भी नाराजगी जताई और धार कलेक्टर का उदाहरण देते हुए कहा, सभी अधिकारी सभी निर्देश, प्रारूप अच्छे से देखें।

अच्छे से पढ़ लें आयोग के निर्देश

झा ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के संबंध में दिए गए निर्देशों का अच्छी तरह से अध्ययन कर लें। भारत निर्वाचन आयोग की वेबसाइट वोटर्स.डॉट.ईसीआई.इन पर जाकर कोई भी मतदाता 2003 की मतदाता सूची को देख सकता है। इसके अलावा मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी की वेबसाइट पर भी मतदाता सूची उपलब्ध है। विशेष गहन पुनरीक्षण के दौरान बीएलओ तीन बार मतदाताओं के घर-घर जाएं, कलेक्टर यह सुनिश्चित करें।

एक जनवरी को 18 साल होने वालों के नाम भी जुड़वाएं

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी झा ने कहा कि जो युवा 1 जनवरी 2026 को 18 वर्ष की आयु पूरी कर रहा है, वह भी मतदाता सूची में अपना नाम जुड़वाने के लिए आवेदन कर सकता है। मतदाता सूची में नाम जुड़वाने के लिए फॉर्म 6, हटवाने के लिए फॉर्म 7 और सुधार या संशोधन के लिए मतदाता को फॉर्म 8 भरना होगा। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि एन्यूमरेशन फार्म भरने में यदि कोई व्यक्ति गलत जानकारी देता है तो एक साल की सजा या जुर्माना या दोनों ही दंड का भागी होगा।

7 फरवरी 2026 तक चलेगी प्रक्रिया

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी झा ने बताया कि एसआईआर की प्रक्रिया 8 फरवरी 2026 तक चलेगी। 3 नवंबर तक बीएलओ को ट्रेनिंग दी जाएगी। 4 नवंबर से 4 दिसंबर तक बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर सर्वे किया जाएगा। 9 दिसंबर को मतदाता सूची के प्रारूप का प्रकाशन किया जाएगा। 9 दिसंबर से 8 जनवरी 2026 तक दावा आपत्तियों के आवेदन लिए जाएंगे। 9 दिसंबर से 31 जनवरी 2026 तक दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। इसके बाद 7 फरवरी 2026 को फाइनल मतदाता सूची का प्रकाशन होगा।



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