एशेज की शुरुआत 21 नवंबर से होने वाली है. ऑस्ट्रेलिया टीम ने इसके लिए कमर कस ली. हालांकि, टीम में कई बड़े बदलाव देखने को मिले हैं. टीम के पूर्व कप्तान ग्रैग चैपल ने टीम के सेलेक्शन पर सवाल खड़े कर दिए हैं. उन्होंने ओपनिंग का गणित सभी के सामने खोलकर रख दिया है. साथ ही ऑस्ट्रेलिया टीम को भी इसके लिए चेतावनी दे दी है. उन्होंने उस्मान ख्वाजा के साथ मार्नस लाबुशेन को ओपनिंग के लिए भेजने के संभावित कदम पर सवाल उठाया है.
ग्रैग चैपल ने समझाया गणित
ईएसपीएन क्रिकइंफो की रिपोर्ट के अनुसार ऑस्ट्रेलिया के पूर्व क्रिकेटर ग्रेग चैपल ने इंग्लैंड के खिलाफ एशेज मुकाबले से पहले टीम की सिलेक्शन स्ट्रेटेजी पर चिंता जताई है. अपने कॉलम में चैपल ने कहा कि सेलेक्टर्स ने स्पेशलिस्ट ओपनर जेक वेदरल्ड को टीम में शामिल किया है, लेकिन वे प्लेइंग XI में कैमरन ग्रीन और ब्यू वेबस्टर को जगह देने के लिए लाबुशेन को ओपनर के तौर पर इस्तेमाल करने की सोच रहे हैं.
ग्रीन की इंजरी पर टेंशन
चैपल ने आगे कहा, ‘टीम में स्पेशलिस्ट ओपनर जेक वेदरल्ड को चुनने के बावजूद मेरा मानना है कि इरादा लाबुशेन को ख्वाजा के साथ ओपनिंग के लिए भेजने का है. इससे कैमरन ग्रीन और ब्यू वेबस्टर खेल पाएंगे, टीम में बैटिंग और बॉलिंग का सबसे अच्छा बैलेंस बनेगा. खासकर इसलिए क्योंकि ग्रीन ने हाल ही में अपनी पीठ की सर्जरी के बाद से एग्रेशन से शायद ही कोई बॉल फेंकी है.’
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लाबुशेन बतौर ओपनर हैं रिस्की
चैपल ने अलर्ट देते हुए कहा, ‘लाबुशेन के साथ ओपनिंग करना बहुत रिस्की है. उन्हें नंबर तीन पर बैटिंग करनी चाहिए, क्योंकि यह उनकी स्पेशलिस्ट जगह है. जहां उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया है. जिस तरह से उन्हें ओपनर के तौर पर सोचा जा रहा है, उससे पता चलता है कि सिलेक्टर्स को किसी ऐसे स्पेशलिस्ट पर भरोसा नहीं है और ग्रीन और वेबस्टर में से एक या दोनों टेस्ट मैच में जरूरी बॉलिंग लोड के लिए काफी कम हैं.’
उन्होंने कहा, “अगर वे लाबुशेन को टॉप ऑर्डर में भेजते हैं, तो इसका मतलब होगा कि ग्रीन को फिर से नंबर 3 पर बैटिंग करनी पड़ेगी. यह वह पोजीशन है जिसके लिए वह सही नहीं हैं, इसलिए अचानक से ऑस्ट्रेलियाई बैटिंग ऑर्डर खतरनाक तरीके से असंतुलित हो जाएगा.”