बंगाल क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष सौरव गांगुली ने भारत और साउथ अफ्रीका के बीच पहले टेस्ट मैच में इस्तेमाल की जा रही ईडन गार्डन्स की पिच का बचाव किया है. साउथ अफ्रीका के पहली पारी में 159 रनों के जवाब में भारत 189 रनों पर आउट हो गया. इसके अलावा दूसरी पारी में भी साउथ अफ्रीका की टीम 153 रनों पर ढेर हो गई. बता दें कि ईडन गार्डन्स की पिच पर स्पिन गेंदबाजों को काफी मदद मिल रही है. बल्लेबाजों के लिए रन बनाना बहुत मुश्किल साबित हो रहा है. साउथ अफ्रीका की टीम ने भारत को जीत के लिए 124 रन का टारगेट दिया है.
पिच को लेकर गांगुली को देनी पड़ गई सफाई
सौरव गांगुली ने न्यूज18 बांग्ला से कहा, ‘यह पिच वैसी ही है जैसी भारतीय टीम चाहती थी. जब आप चार दिनों तक पिच पर पानी नहीं डालते तो यही होता है. क्यूरेटर सुजान मुखर्जी को दोष नहीं दिया जा सकता.’ सीएबी अध्यक्ष ने खुद इस हफ्ते की शुरुआत में दावा किया था कि गौतम गंभीर और भारतीय टीम प्रबंधन ने अच्छी स्पिन गेंदबाजी पिच की मांग नहीं की थी. भारत के हेड कोच गौतम गंभीर, जो ऑस्ट्रेलिया में सफेद गेंद की सीरीज के बाद टीम इंडिया के साथ रविवार देर रात पहुंचे थे, उन्होंने बल्लेबाजी कोच सीतांशु कोटक के साथ सोमवार सुबह ईडन गार्डन्स की पिच का निरीक्षण किया था.
गांगुली ने खुद विकेट का निरीक्षण किया
सौरव गांगुली ने खुद शाम को विकेट का निरीक्षण भी किया था, जिसके बाद पूरे मैदान को ओस या किसी भी संभावित बारिश से बचाने के लिए ढक दिया गया. जब सौरव गांगुली से सोमवार को पूछा गया कि क्या भारतीय टीम प्रबंधन ने टर्निंग विकेट की मांग की है, तो उन्होंने कहा था, ‘उन्होंने अभी तक इसके लिए नहीं कहा है, इसलिए मैं इस सवाल का जवाब नहीं दे सकता. यह पिच बहुत अच्छी लग रही है.’
‘ईडन गार्डन्स की पिच कितनी जल्दी ‘खराब’ हो गई’
भारत के गेंदबाजी कोच मोर्ने मोर्कल ने स्वीकार किया कि उनकी टीम इस बात से ‘हैरान’ थी कि दूसरे दिन नाटकीय रूप से 15 विकेट गिरने के बाद ईडन गार्डन्स की पिच कितनी जल्दी ‘खराब’ हो गई. मोर्ने मोर्कल ने कहा कि टीम को पिच के इतने जल्दी खराब होने की उम्मीद नहीं थी. मोर्ने मोर्कल ने कहा, ‘देखिए, सच कहूं तो, हमें भी उम्मीद नहीं थी कि विकेट इतनी जल्दी खराब हो जाएगा. जब हमने पहले कुछ घंटे देखे तो हम सभी को लगा कि यह एक अच्छा विकेट है, इसलिए यह जल्दी खराब हो गया, जो अप्रत्याशित था.’