Last Updated:
IND vs SA: भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच श्रृंखला का दूसरा और आखिरी टेस्ट मैच 22 नवंबर से खेला जाएगा. कोलकाता में खेला गया पहले टेस्ट गंवाने के बाद पूर्व दिग्गज भारतीय स्पिनर हरभजन सिंह ने बड़ा बयान दिया है. भज्जी की माने तो ऐसी पिच बनाकर टेस्ट क्रिकेट को पूरी तरह से बर्बाद किया जा रहा है.
नई दिल्ली: भारत के पूर्व स्पिनर हरभजन सिंह ने ईडन गार्डंस जैसी कम तैयार और गेंदबाजों के लिए अत्यधिक अनुकूल पिच को ‘टेस्ट क्रिकेट का विनाश’ करार देते हुए कहा कि इस तरह की स्थिति खिलाड़ियों के वास्तविक विकास में बाधा डालती है.
दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट मैच में 124 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत 30 रनों से हार गया और यह मुकाबला तीन दिन के अंदर ही समाप्त हो गया. हरभजन ने अपने यूट्यूब चैनल पर कहा:
उन्होंने टेस्ट क्रिकेट को पूरी तरह से बर्बाद कर दिया है. टेस्ट क्रिकेट को भावपूर्ण श्रद्धांजलि. उन्होंने जिस तरह का काम किया है, जिस तरह की पिचें इतने साल से बनाई जा रही हैं, मैं उसे देखता आ रहा हूं. कोई इसके बारे में बात नहीं करता क्योंकि जब टीम जीत रही होती है तो सब ठीक लगता है. कोई विकेट ले रहा होता है और कोई विकेट लेकर महान बन रहा है. ऐसे में सबको लगता है कि सब ठीक चल रहा है. यह चलन अभी से शुरू नहीं हुआ है. यह कई सालों से चला आ रहा है और मुझे लगता है कि यह खेलने का गलत तरीका है.
इस मैदान पर 2001 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ ऐतिहासिक जीत के दौरान 13 विकेट झटकने वाले हरभजन ने कहा कि अब इस मुद्दे पर विचार करने का समय आ गया है क्योंकि ऐसी पिचें खिलाड़ियों के विकास में योगदान नहीं देतीं. उन्होंने कहा:
आप किसी भी तरह से आगे नहीं बढ़ रहे हैं, आप बस चक्की में बंधे बैल की तरह चक्कर लगा रहे हैं. आप जीत तो रहे हैं, लेकिन कोई वास्तविक लाभ नहीं है. एक क्रिकेटर के रूप में, आप आगे नहीं बढ़ रहे हैं.
भारत के लिए 103 टेस्ट में 417 विकेट लेने वाले हरभजन ने कहा, ‘यह इस बात पर विचार करने का समय है कि ऐसी पिचें आपको कहां लेकर जा रही है. यहां आपके बल्लेबाजों को यह नहीं पता होता है कि रन कैसे बनाने है और वह ऐसे दिख रहे हैं जैसे उन्हें बल्लेबाजी करना ही नहीं आता.’
उन्होंने कहा, ‘ऐसे में एक सक्षम गेंदबाज और एक सक्षम बल्लेबाज में क्या फर्क रह जाता है. हालात इतने अनुकूल हो गए है कि लोग कौशल के कारण नहीं बल्कि पिच के कारण आउट हो रहे हैं. यह देखकर दुख होता है कि टेस्ट क्रिकेट कैसे खेला जा रहा है. मुझे नहीं पता कि हम ऐसा क्यों कर रहे हैं.’
फरवरी 2025 से नेटवर्क 18 समूह में डिप्टी न्यूज एडिटर के पद पर कार्यरत. पत्रकारिता में एक दशक का अनुभव. बतौर रिपोर्टर कई नेशनल-इंटरनेशनल इवेंट के साक्षी. इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से करियर की शुरुआत. जागरण न्यू मीडिया…और पढ़ें
फरवरी 2025 से नेटवर्क 18 समूह में डिप्टी न्यूज एडिटर के पद पर कार्यरत. पत्रकारिता में एक दशक का अनुभव. बतौर रिपोर्टर कई नेशनल-इंटरनेशनल इवेंट के साक्षी. इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से करियर की शुरुआत. जागरण न्यू मीडिया… और पढ़ें