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भारत के बायें हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव ने स्वीकार किया कि भारत में हर प्रारूप में खेलने का मौका मिलना आसान नहीं है लेकिन कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच आक्रामक मानसिकता से वह अपनी जगह बनाये हुए हैं .
नई दिल्ली. आधुनिक क्रिकेट में कुछ विरले ही खिलाड़ी होते है जो टेस्ट, टी-20 और वनडे समान अधिकार से खेलते है, अपना वर्चस्व बनता है और तीनों ही फॉर्मेंट के अभिन्न अंग बन जाते है. कुछ इसी तरह के खिलाड़ी है चाइनामैन गेंदबाज कुलदीप यादव. भारत के बायें हाथ के कलाई के स्पिनर कुलदीप यादव ने स्वीकार किया कि भारत में हर प्रारूप में खेलने का मौका मिलना आसान नहीं है लेकिन कड़ी प्रतिस्पर्धा के बीच आक्रामक मानसिकता से वह अपनी जगह बनाये हुए हैं.
कुलदीप आस्ट्रेलिया में पांच मैचों की टी20 श्रृंखला के बीच से दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टेस्ट श्रृंखला खेलने स्वदेश लौट आये थे. उन्होंने पहले टेस्ट में चार विकेट लिये हालांकि भारत 30 रन से हार गया था. सभी प्रारूप मिलाकर 342 विकेट ले चुके कुलदीप ने जियो स्टार के ‘ फॉलो द ब्लूज’ कार्यक्रम में कहा ,‘‘ निश्चित तौर पर आप तीनों प्रारूप खेलना चाहेंगे लेकिन टेस्ट खेलने में मजा आता है. भारत में सभी प्रारूपों में खेल पाना आसान नहीं है.
टेस्ट को बेस्ट मानते है कुलदीप
वर्ल्ड क्रिकेट के सबसे खतरनाक स्पिनर्स में से एक कुलदीप यादव ने कहा कि हर किसी को टेस्ट क्रिकेट पसंद है और सभी को इसमे मजा आता है लेकिन यह काफी चुनौतीपूर्ण भी है .अगले चार पांच साल टेस्ट क्रिकेट में मेरे लिये काफी अहम हैं तो मैं अपनी फिटनेस बनाये रखने और इसी तरह से खेलने पर फोकस करूंगा. उन्होंने कहा कि अपनी भूमिका को लेकर वह स्पष्ट है और टीम प्रबंधन के सहयोग से वह आक्रामक मानसिकता के साथ खेल पाते हैं. कुलदीप ने कहा ,‘‘ एक आक्रामक बल्लेबाज के तौर पर मैं काफी स्पष्ट हूं और मुझे अपनी भूमिका पता है. कोच और कप्तान ने काफी स्पष्टता और सहयोग दिया है. मैं हमेशा आक्रामक मानसिकता से खेलता हूं और मेरा काम विकेट लेना है और कोच भी मुझसे यही चाहते हैं .
बड़ी टीम कड़ी चुनौती
कलाई के जादूगर का ये भी मानना है कि दक्षिण अफ्रीका जैसी कठिन टीमों से खेलकर खिलाड़ियों को सीखने और आत्मविश्वास में इजाफा करने में मदद मिलेगी. उन्होंने कहा ,‘‘ जब आप अच्छी टीम के खिलाफ खेलते हैं तो उम्दा बल्लेबाजों को गेंदबाजी करके उनके विकेट लेते हैं. इससे आत्मविश्वास बढता है . आपको मजबूत टीमों के खिलाफ अपनी गलती तुरंत पता चल जाती है. मुझे इसलिये दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेलने में मजा आ रहा है.