Brett Lee: क्रिकेट की दुनिया में जिन खिलाड़ियों ने सालों तक राज किया, उनमें ब्रेट ली भी शुमार हैं. ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेट के इतिहास में रफ्तार का मतलब अगर किसी एक नाम से समझा जाता है, तो वह ब्रेट ली ही हैं. कलाई से निकलती आग उगलती गेंद, चेहरे पर मुस्कान और मैदान पर बेजोड़ जुनून, यही ब्रेट ली की पहचान रही है. अब इस दिग्गज के ऐतिहासिक सफर को ऑस्ट्रेलिया ने सलाम किया और सबसे बड़े मंच पर सबसे बड़ा सम्मान दिया है. 28 दिसंबर 2025 ब्रेट ली की जिंदगी में खास मायने रखेगा, क्योंकि इसी दिन उन्हें ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट हॉल ऑफ फेम में शामिल किया गया. इस सम्मान ने उनके शानदार करियर पर एक यादगार मुहर लगाई है.
28 दिसंबर को ऑस्ट्रेलियन क्रिकेट हॉल ऑफ फेम में ब्रेट ली के शामिल होने की घोषणा चेयरमैन पीटर किंग ने की. ब्रेट ली को यह सम्मान सिर्फ उनके 718 विकेट के लिए नहीं, बल्कि उस प्रभाव के लिए दिया गया है, जो उन्होंने एक पूरी पीढ़ी पर छोड़ा. ब्रेट ली उन गेंदबाजों में से थे, जिनके स्पेल शुरू होते ही बल्लेबाज बैकफुट पर चले जाते थे. उनकी मौजूदगी ही मैच का माहौल बदलने के लिए काफी होती थी. कई बल्लेबाज तो इस गेंदबाज को खेलने से डरते थे.
1999 से 2012 तक खेला क्रिकेट
ब्रेट ली ने 1999 से 2012 तक ऑस्ट्रेलिया के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट खेला. वह दुनिया के उन चुनिंदा गेंदबाजों में शामिल रहे, जो लगातार 150 किलोमीटर प्रति घंटे से ज्यादा की रफ्तार से गेंदबाजी करते थे. उनकी सबसे तेज गेंद 161.1 किमी प्रति घंटे की रही थी, जिसने उन्हें शोएब अख्तर के साथ दुनिया के सबसे तेज गेंदबाजों की श्रेणी में खड़ा किया था. ब्रेट ली की खासियत यह थी कि वह सिर्फ अपनी स्पीड पर निर्भर नहीं थे, बल्कि उनके पास स्विंग, यॉर्कर और स्लोअर बॉल जैसे घातक हथियार भी थे, जिनके दम पर उन्होंने दुनिया के महान बल्लेबाजों को आउट किया.
(@7Cricket) December 27, 2025
क्या बोले ब्रेट ली?
हॉल ऑफ फेम में शामिल होने के बाद ब्रेट ली ने खुशी जाहिर की. उन्होंने कहा कि लंबे समय तक फिट रहकर खेलना उनकी सबसे बड़ी उपलब्धि रही. उन्होंने माना कि चोटों के कारण कई मैच मिस किए, लेकिन करीब 20 साल तक इतनी तेज रफ्तार से गेंदबाजी करना उनके लिए गर्व की बात है.
कैसा रहा ब्रेट ली का क्रिकेट करियर?
ब्रेट ली ऑस्ट्रेलिया के सबसे सफल खिलाड़ियों में शामिल हैं. उन्होंने अपने करियर में 76 टेस्ट, 221 वनडे और 25 टी20 इंटरनेशनल मैच खेले. तीनों फॉर्मेट मिलाकर उनके नाम 718 विकेट दर्ज हैं. टेस्ट में उन्होंने 310, वनडे में 221 और टी20 में 38 विकेट झटके. इसके अलावा वह आईपीएल और बिग बैश लीग जैसी बड़ी टी20 लीगों का भी हिस्सा रहे, जहां उनकी लोकप्रियता हमेशा बनी रही.
3 वर्ल्ड कप विनिंग टीम का हिस्सा रहे ब्रेट ली
टीम उपलब्धियों में भी ब्रेट ली का योगदान ऐतिहासिक रहा. वह 1999, 2003 और 2007 के वनडे वर्ल्ड कप जीतने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीम का हिस्सा थे. कई एशेज सीरीज जीतने के साथ-साथ उन्होंने 2008 में एलन बॉर्डर मेडल भी अपने नाम किया. संन्यास के बाद भी ब्रेट ली क्रिकेट से जुड़े रहे और अब कमेंटेटर के रूप में नजर आते हैं.