व्यापार मेला शुरू हुए लगभग 14 दिन बीत चुके हैं, लेकिन प्रदर्शनी सेक्टर अभी भी खाली पड़ा है। स्थिति यह है कि इस सेक्टर में अलग-अलग विभाग की 12 प्रदर्शनी लगनी थी, लेकिन 25 दिसंबर को उद्घाटन के लगभग 14 दिन बाद बुधवार को पहली प्रदर्शनी की शुरुआत हुई। यह
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लेकिन जमीनी हकीकत यह है कि प्रदर्शनी के लिए बनाए गए पंडाल अब भी खाली पड़े हैं।मेले में पहुंचे लोगों का कहना है कि बच्चों और परिवार के साथ वे खास तौर पर प्रदर्शनी देखने आए थे, लेकिन यहां सिर्फ झूले और खानपान की दुकानें ही नजर आ रही हैं। प्रदर्शनी नहीं होने से मेले का उद्देश्य ही अधूरा नजर आ रहा है।आयोजकों की ओर से समय पर सामग्री, स्टॉल तैयार नहीं कराए गए। कुछ विभागों को प्रदर्शनी लगाने के लिए निर्देश है, लेकिन न तो सामग्री पहुंची और न स्टाफ तैनात किया गया। इससे साफ है कि आयोजन से पहले तैयारियां कागजों तक ही सीमित रहीं।