भास्कर संवाददाता| सीहोर दिव्यांग कल्याण एवं विकास परिषद ने फर्जी दिव्यांग बनकर सरकारी नौकरी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। परिषद के प्रबंधक उमा चौरसिया और जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र सिंह दांगी के नेतृत्व में संगठन के सदस्यों ने कलेक्टर बालागुरु के नाम ज्ञापन संयुक्त कलेक्टर जमील खान को सौंपा। प्रदेश मीडिया प्रभारी नरेश मेवाड़ा ने बताया कि कई लोग फर्जी प्रमाण पत्र बनवाकर सरकारी नौकरी कर रहे हैं। असली दिव्यांग बेरोजगार घूम रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों की जांच कर दोषियों पर कार्रवाई की जाए। उन्होंने यह भी बताया कि इसी तरह के एक मामले में एक अधिकारी पर कार्रवाई हो चुकी है। यूडीआईडी कार्ड बनवाने चक्कर लगा रहे दिव्यांग जिला अध्यक्ष सुखवेंद्र दांगी ने कहा कि डीडीआरसी में यूडीआईडी कार्ड बनवाने के लिए दिव्यांगों को महीनों तक चक्कर लगाने पड़ते हैं। बुधनी, आष्टा, जावर और अहमदपुर से दिव्यांग कार्ड बनवाने आते हैं, लेकिन बार-बार आना पड़ता है। दांगी ने मांग की कि तहसील स्तर पर यूडीआईडी कार्ड बनाने की सुविधा दी जाए। इससे दिव्यांगों को आने-जाने की परेशानी से राहत मिलेगी और समय पर कार्ड मिल सकेंगे। संगठन ने सामाजिक न्याय एवं नि:शक्तजन कल्याण विभाग के भ्रष्ट अफसरों की जांच की भी मांग की। दांगी ने आरोप लगाया कि ये अफसर एनजीओ की मदद कर रहे हैं, लेकिन असली दिव्यांगों को योजनाओं का लाभ नहीं मिल रहा। उन्होंने इस पर भी जांच कराने की मांग की।
Source link