शहडोल. मध्य प्रदेश में केंद्र सरकार द्वारा संचालित प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना आम नागरिकों के लिए वरदान साबित हो रही है. लगातार बढ़ते बिजली बिल से परेशान लोगों को इस योजना के माध्यम से बड़ी राहत मिली है. घरों की छतों पर लगाए जा रहे सोलर पैनल न केवल बिजली की जरूरतों को पूरा कर रहे हैं, बल्कि स्वच्छ और हरित ऊर्जा को भी बढ़ावा दे रहे हैं.
प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना का मुख्य उद्देश्य देश के करोड़ों परिवारों को सस्ती, टिकाऊ और पर्यावरण के अनुकूल बिजली उपलब्ध कराना है. योजना के अंतर्गत सोलर पैनल लगाने पर केंद्र सरकार द्वारा आकर्षक सब्सिडी दी जा रही है. इससे मध्यम वर्ग और गरीब परिवारों को सबसे अधिक लाभ मिल रहा है.
कई लाभार्थियों का कहना है कि अब उनका बिजली बिल लगभग शून्य के बराबर आ गया है, जिससे मासिक खर्च में उल्लेखनीय कमी आई है. योजना के तहत लगाए गए सोलर पैनल घरों में आवश्यक बिजली का उत्पादन कर रहे हैं. इतना ही नहीं, अतिरिक्त बिजली को ग्रिड में भेजकर उपभोक्ता अतिरिक्त आय भी अर्जित कर रहे हैं. इससे लोगों में न केवल ऊर्जा आत्मनिर्भरता बढ़ी है, बल्कि स्वच्छ ऊर्जा के प्रति जागरूकता भी आई है.
लाभार्थी पारस जैन ने आईएएनएस से बातचीत में बताया कि पहले एसी, हीटर और अन्य विद्युत उपकरणों का उपयोग करने में हमेशा भारी बिजली बिल का डर बना रहता था. योजना का लाभ मिलने के बाद अब वे बिना किसी चिंता के बिजली का उपयोग कर पा रहे हैं. उनका कहना है कि बिजली बिल में आई भारी कमी से उन्हें आर्थिक राहत मिली है.
वहीं, रामसहाय मिश्रा ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, “पहले उनका बिजली बिल हर माह 5,000 से 6,000 रुपए तक आ जाता था, जिससे घर का बजट बिगड़ जाता था. मित्रों से योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने इसमें आवेदन किया और अब बिजली खर्च की चिंता लगभग खत्म हो गई है. इसके लग जाने से हम लोगों को काफी फायदा हो रहा है.”
इसी तरह रंजीत बसाक ने कहा कि वे लंबे समय से भारी बिजली बिल से परेशान थे. समाचार पत्रों के माध्यम से योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने सोलर पैनल लगवाए. सरकार की ओर से उन्हें 78,000 रुपए की सब्सिडी मिली और आज उनका बिजली बिल करीब 75 प्रतिशत तक कम हो गया है. उन्होंने प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए अन्य लोगों से भी इस योजना का लाभ उठाने की अपील की.