इंदौर3 मिनट पहले
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उज्जैन में विक्रमोत्सव के तहत लग रहे वाहन मेले की अवधि बढ़ाने की मांग उठने लगी है। फिलहाल 15 फरवरी से शुरू हुआ यह मेला 19 मार्च तक चलना तय है, लेकिन ऑटोमोबाइल डीलर्स इसे रामनवमी यानी 26 मार्च तक बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। इसके लिए डीलर्स परिवहन विभाग के अधिकारियों से संपर्क कर रहे हैं और जल्द ही परिवहन मंत्री व परिवहन आयुक्त से मुलाकात करने की भी तैयारी है।
वाहन मेले में परिवहन विभाग की ओर से नए वाहनों पर रोड टैक्स में 50 प्रतिशत तक की छूट दी जा रही है। इसी वजह से बड़ी संख्या में लोग वाहन खरीदने के लिए उज्जैन पहुंच रहे हैं। मेले में लगे ज्यादातर स्टॉल भी इंदौर के ऑटोमोबाइल डीलर्स के ही हैं।
डीलर्स का कहना है कि इस बार होली के आसपास करीब आठ दिनों तक होलाष्टक रहने से लोग नए वाहन खरीदने से बचते हैं। इसके कारण मेले में बिक्री उम्मीद के मुताबिक नहीं हो सकी। वहीं 19 मार्च से चैत्र नवरात्रि की शुरुआत हो रही है और नवरात्रि व रामनवमी के दौरान लोग शुभ मुहूर्त में वाहन खरीदना पसंद करते हैं। इसे देखते हुए मेले की अवधि 26 मार्च तक बढ़ाने की मांग की जा रही है, ताकि ग्राहकों को भी सुविधा मिल सके और बिक्री भी बढ़े।
उज्जैन में लग रहे इस वाहन मेले का असर इंदौर के वाहन बाजार पर भी देखने को मिल रहा है। टैक्स में छूट का लाभ लेने के लिए इंदौर और आसपास के कई लोग उज्जैन जाकर वाहन खरीद रहे हैं। इससे इंदौर का बाजार कुछ हद तक ठंडा पड़ा है।
हालांकि इंदौर के डीलर्स को ज्यादा नुकसान नहीं हो रहा है, क्योंकि उनमें से कई ने उज्जैन मेले में अपने स्टॉल लगा रखे हैं। कुछ डीलर्स इंदौर के शोरूम से ही वाहन बेच रहे हैं, लेकिन ग्राहकों को टैक्स छूट दिलाने के लिए वाहनों का रजिस्ट्रेशन उज्जैन में कराया जा रहा है। इसके कारण इंदौर आरटीओ को राजस्व के स्तर पर नुकसान उठाना पड़ रहा है।
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