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Balaghat News: बालाघाट के सांदीपनि के स्कूल के रिजल्ट ने सबको चौंका दिया है. 10 में इस स्कूल से 483 स्टूडेंट्स में 478 स्टूडेंट्स पास हुए यानी लगभग 99 प्रतिशत बच्चे पास हुए. वहीं, 123 स्टूडेंट्स ने 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक हासिल किए हैं. वहीं, 12वीं कक्षा से 379 विद्यार्थियों में से 362 छात्र पास हुए.
Balaghat Sandeepani Vidyalaya: हाल ही में मध्य प्रदेश की माध्यमिक शिक्षा मंडल की बोर्ड परीक्षाओं के रिजल्ट आए. इसमें बालाघाट जिले से चौंकाने वाले परिणाम सामने आए, जिसमें 10वीं में टॉप-10 की प्राविण्य सूची में जिले के 37 बच्चे शामिल है. वहीं, आठ बच्चे कक्षा बारहवी की प्राविण्य सूची में शामिल है. लेकिन इसमें से एक ऐसा स्कूल ऐसा है, जहां के बच्चों ने अलग ही कीर्तिमान स्थापित किया है. दरअसल, हम बात कर रहे हैं बालाघाट के संदीपनी स्कूल की. इस स्कूल से 9 ऐसे बच्चे हैं, जहां से इतने बच्चे टॉपर्स की लिस्ट में शामिल है. सबसे ज्यादा टॉपर देने के मामले में सांदीपनि विद्यालय ने पूरे एमपी के बाकी स्कूलों को पछाड़ दिया है. लेकिन ऐसा क्या खास है इस स्कूल में यहीं जानने के लिए लोकल 18 इस स्कूल के प्राचार्य डॉक्टर युवराज राहंगडाले से बातचीत की, जानिए उन्होंने क्या बताया…
सरकारी स्कूल के सामने फीके हैं प्राइवेट स्कूल
बालाघाट के सांदीपनि के स्कूल के रिजल्ट ने सबको चौंका दिया है. 10 में इस स्कूल से 483 स्टूडेंट्स में 478 स्टूडेंट्स पास हुए यानी लगभग 99 प्रतिशत बच्चे पास हुए. वहीं, 123 स्टूडेंट्स ने 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक हासिल किए हैं. वहीं, 12वीं कक्षा से 379 विद्यार्थियों में से 362 छात्र पास हुए. इनमें 176 विद्यार्थियों ने 75 प्रतिशत से ज्यादा एवं 27 स्टूडेंट्स ने 90 प्रतिशत से ज्यादा अंक अर्जित किए. ऐसे में इस स्कूल ने अपना दबदबा बनाया है. इस रिजल्ट ने साबित कर दिया है कि प्राइवेट स्कूल फीके हैं.
ये बातें बनाती है इस स्कूल को खास
इस स्कूल की बिल्डिंग तो खास है ही. साथ ही यहां पढ़ाने वाले टीचर्स भी खास है. दरअसल, हर सरकारी स्कूल में एमपीईएसबी की परीक्षा के बाद सीधा चयन होता है. लेकिन सांदीपनि के लिए सरकार चयनित शिक्षकों की योग्यता परीक्षा लेती है फिर जाकर इन स्कूलों को शिक्षक मिलते हैं. ऐसे में स्कूलों में बेस्ट से बेस्ट टीचर है. इसका सीधा सा असर बच्चों की पढ़ाई और उनके रिजल्ट पर पड़ता है.
स्कूल में होती है खास प्रैक्टिस
बालाघाट के संदीपनी स्कूल के प्राचार्य डॉक्टर युवराज राहंगडाले ने बताया कि स्कूल में एग्जाम प्रेप की प्रैक्टिस चलती है. इसमें ऑब्जेक्टिव तैयार कराते हैं, जिसमें हर दिन दो ऑब्जेक्टिव चलाते हैं. यह साल भर चलता है. हर दिन एक थ्योरी प्रश्न तैयार करते हैं. सांदिपनी रेस करवाते हैं, जिसमें टेस्ट करवाया जाता है. इसमें तैयारी करवाई जाती है.
लिमिटेड सीट लेकिन डिमांड ज्यादा
बालाघाट के संदीपनी स्कूल में टोटल 2360 सीट्स हैं. ऐसे में यह सीट बीते दो साल से भर चुकी है. ऐसे में इस स्कूल में एडमिशन के लिए लंबी कतारे रहती हैं लेकिन स्कूल में पढ़ रहे बच्चों को पहले प्राथमिकता दी जाती है, जिससे नवमी और 11वीं में नए एडमिशन मिलना मुश्किल हो जाता है.
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Deepti Sharma, currently working with News18MPCG (Digital), has been creating, curating and publishing impactful stories in Digital Journalism for more than 6 years. Before Joining News18 she has worked with Re…और पढ़ें