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Dhruv Jurel top form :भारतीय टीम के विकेटकीपर ध्रुव जुरेल के शानदार प्रदर्शन ने कोच गौतम गंभीर की मुश्किलें बढ़ा दी है. साउथ अफ्रीका ए के खिलाफ दूसरे अनऔपचारिक टेस्ट की दोनों पारी में उन्होंने शतक जमाया. ऐसे शानदार फॉर्म के बाद उनको बाहर बिठाना मुश्किल होने वाला है.
टीम इंडिया साउथ अफ्रीका के खिलाफ घरेलू टेस्ट सीरीज के लिए तैयार है. दो मैचों की सीरीज का पहला मैच शुक्रवार को कोलकाता से ईडन गार्डन्स में खेला जाना है. भारतीय टीम की लाइनअप काफी हद तक तय मानी जा रही है, लेकिन ध्रुव जुरेल के शानदार फॉर्म ने कोच गौतम गंभीर की परेशानी बढ़ा दी है.

ऐसी अटकलें हैं कि नितीश रेड्डी को प्लेइंग इलेवन में अपनी जगह खोनी पड़ सकती है. साई सुदर्शन अभी तक नंबर तीन पर अपनी जगह पक्की नहीं कर पाए है ऐसे में साउथ अफ्रीका के खिलाफ अनऔपचारिक टेस्ट में दोनों पारी में शतक बनाने वाले ध्रुव जुरेल को मौका मिल सकता है. टीम मैनेजमेंट उनको तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी के लिए भेजने पर विचार कर सकता है.

ध्रुव जुरेल का टेस्ट क्रिकेट में औसत लगभग 48 है और उन्होंने कई मौकों पर अपनी धैर्य और संयम का प्रदर्शन किया है. वेस्टइंडीज के खिलाफ पिछली सीरीज में उन्होंने अपना पहला टेस्ट शतक भी बनाया था. जुरेल का रेड-बॉल फॉर्म शानदार रहा है. पिछले पांच फर्स्ट क्लास मैचों में उन्होंने तीन शतक बनाए हैं. इससे इस फॉर्मेट में उनका औसत लगभग 58 हो गया है.

तकनीकी रूप से वह कॉम्पैक्ट हैं और पहले ही दिखा चुके हैं कि जब टीम को जरूरत होती है तो वह दबाव को झेल सकते हैं. यह स्वभाव ठीक वही है जो एक टीम साउथ अफ्रीका जैसी टीम के खिलाफ शुरुआती समय में चाहती है. इस आधार पर जुरेल ईडन गार्डन्स टेस्ट के लिए प्लेइंग इलेवन में अपनी जगह बनाने के लिए एक अच्छा विकल्प दिखते हैं.

भारत साई सुदर्शन को टेस्ट में नंबर तीन के लिए तैयार कर रहा है लेकिन अब तक इतने प्रभावी नजर नहीं आए. बाएं हाथ के बल्लेबाज को अभी तक नंबर तीन स्थान पर पूरी तरह से स्थापित नहीं किया जा सका है. कोचों और विश्लेषकों ने उनकी बल्लेबाजी में तकनीकी खामियों की ओर इशारा किया है, खासकर लेग-स्टंप लाइन और शॉर्ट बॉल पर उनकी कमजोरी. हालांकि, भारत के बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने सार्वजनिक रूप से कहा है कि युवा खिलाड़ी इन मुद्दों से अवगत हैं और उन्हें दूर करने के लिए कड़ी मेहनत कर रहे हैं, जो टीम प्रबंधन का उन पर विश्वास दर्शाता है.

कोलकाता टेस्ट से पहले धमाका करते हुए जुरेल ने नंबर तीन की दावेदारी ठोकी है. कोच गंभीर को उन्होंने सोचने पर मजबूर कर दिया है कि वो मिडिल-ऑर्डर से उनको प्रमोशन देकर ऊपर भेजे. उन्होंने बार-बार कठिन परिस्थितियों में बल्लेबाजी की है और महान स्वभाव और संयम का प्रदर्शन किया है. जुरेल का रवैया उन्हें नंबर तीन स्लॉट के लिए एक आदर्श फिट बनाता है और कोलकाता में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ पहले टेस्ट के दौरान भारतीय प्रबंधन के लिए एक निश्चित विकल्प है.