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MP Police Constable: अभ्यर्थियों के लिए अब असली इम्तिहान शुरू होने जा रहा है. अब मुकाबला किताबों से निकलकर सीधे मैदान में होगा, जहां फिजिकल टेस्ट के दौरान अभ्यर्थियों की फिटनेस, तकनीक और मेहनत की परख की जाएगी. चयन की इस दौड़ में वही आगे बढ़ पाएंगे, जो सही तैयारी और अनुशासन के साथ मैदान में उतरेंगे.
MP Police Constable: मध्य प्रदेश पुलिस कांस्टेबल भर्ती परीक्षा का पहला चरण पूरा हो चुका है. लिखित परीक्षा में सफल हुए करीब साढ़े उनसठ हजार अभ्यर्थियों के लिए अब असली इम्तिहान शुरू होने जा रहा है. अब मुकाबला किताबों से निकलकर सीधे मैदान में होगा, जहां फिजिकल टेस्ट के दौरान अभ्यर्थियों की फिटनेस, तकनीक और मेहनत की परख की जाएगी. चयन की इस दौड़ में वही आगे बढ़ पाएंगे, जो सही तैयारी और अनुशासन के साथ मैदान में उतरेंगे.
फिजिकल कोच सतीश डेहरिया का कहना है कि अगर किसी अभ्यर्थी को दौड़ने के दौरान किसी भी तरह की परेशानी महसूस हो रही है, तो उसे तुरंत किसी एक्सपर्ट कोच से सलाह लेनी चाहिए. बिना सही गाइडेंस के प्रैक्टिस करने से चोट लगने का खतरा बढ़ जाता है, जो फिजिकल टेस्ट से पहले बड़ी परेशानी बन सकता है. आइए जानते हैं फिजिकल के दौरान अक्सर कौन सी गलतियां होती है….
इन नियमों को किया नजरअंदाज, तब वर्दी से बढ़ेगी दूरी
कोच सतीश डेहरिया ने यह भी बताया कि अधिकांश अभ्यर्थी शॉटपुट और लंबी कूद में ही सबसे ज्यादा गलतियां करते हैं. शॉटपुट फेंकने के बाद आगे की ओर कदम बढ़ा देना फाउल की श्रेणी में आता है, लेकिन कई उम्मीदवार इस नियम को नजरअंदाज कर देते हैं. वहीं, लंबी कूद के बाद पीछे की ओर लौट आने से जंप की मार्किंग कम हो जाती है. इसके अलावा टेकऑफ बोर्ड यानी पटिए के आगे पैर पड़ते ही जंप फाउल माना जाता है, जिस पर अभ्यर्थी अक्सर ध्यान नहीं देते. सही तकनीक और नियमित अभ्यास से इन टिप्स को अपनाकर फिजिकल टेस्ट आसानी से क्वालीफाई किया जा सकता है.
अब ग्राउंड ही करेगा, पुलिस बनने का सपना पूरा
फिजिकल टेस्ट में सफलता के लिए सिर्फ दौड़ ही नहीं, बल्कि एक्सरसाइज और तीनों इवेंट की नियमित प्रैक्टिस भी जरूरी है. रोजाना रनिंग के साथ-साथ गोला फेंक और लंबी कूद का अभ्यास करना चाहिए. इसके लिए थाई और कोर मसल्स को मजबूत करने वाली एक्सरसाइज पर खास फोकस करना होगा. फिजिकल टेस्ट में तीनों इवेंट मिलाकर कुल 100 नंबर होते हैं, जिसमें रनिंग के 40 और गोला फेंक व लंबी कूद के 30-30 नंबर निर्धारित हैं. चयन के लिए कम से कम 65 नंबर से अधिक अंक लाना ही होगा. अब ऐसे में मैदान में बहाया गया पसीना ही अभ्यर्थियों का भविष्य तय करेगा, क्योंकि असली जंग अब ग्राउंड पर होने वाली है.
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Deepti Sharma, currently working with News18MPCG (Digital), has been creating, curating and publishing impactful stories in Digital Journalism for more than 6 years. Before Joining News18 she has worked with Re…और पढ़ें